एआरबी टाइम्स ब्यूरो | मंडी
हिमाचल प्रदेश के मंडी में साइबर ठगों ने एक सरकारी कर्मचारी को आईपीओ (IPO) में भारी मुनाफे का लालच देकर करीब 30 लाख रुपये की ठगी कर ली। पीड़ित की शिकायत पर साइबर थाना मध्य खंड मंडी में प्राथमिकी दर्ज कर जांच शुरू कर दी गई है। पीड़ित के अनुसार, “वेल्थ एलायंस” और “इंडियन सॉवरिन थिंकिंग” नामक टेलीग्राम ग्रुप के जरिए उससे संपर्क किया गया। ठगों ने खुद को निवेश विशेषज्ञ बताते हुए IPO में कम समय में अधिक लाभ का भरोसा दिलाया। इसके बाद फर्जी निवेश एप डाउनलोड करवाया गया। एप पर शुरुआत में कृत्रिम मुनाफा दिखाया गया, जिससे पीड़ित का विश्वास बढ़ा और उसने निवेश बढ़ा दिया।
एक माह में 30 लाख रुपये ट्रांसफर
पीड़ित ने एक माह के भीतर 15 लाख और 14 लाख रुपये की बड़ी किस्तों में कुल 30 लाख रुपये आरोपियों के बताए खातों में ट्रांसफर कर दिए। जब उसने राशि निकालनी चाही तो 12 लाख रुपये अतिरिक्त जमा करने की मांग की गई। लगातार धनराशि मांगने और भुगतान न होने पर पीड़ित को ठगी का एहसास हुआ। इसके बाद उसने साइबर थाना मंडी में शिकायत दर्ज करवाई। मंडी में यह पहला बड़ा मामला नहीं है। जनवरी में फर्जी सीबीआई और आरबीआई अधिकारी बनकर “डिजिटल अरेस्ट” का डर दिखाकर एक व्यक्ति से 98 लाख रुपये ठगे गए थे।
साइबर ठगी से कैसे बचें?
निवेश से पहले कंपनी की सेबी या आरबीआई पंजीकरण की पुष्टि करें।
कम समय में अत्यधिक मुनाफे के दावों से सावधान रहें।
अनजान लिंक या ऐप डाउनलोड न करें।
संदिग्ध स्थिति में तुरंत साइबर हेल्पलाइन 1930 पर कॉल करें।
