एआरबी टाइम्स ब्यूरो
उपमंडलाधिकारी रामपुर बुशहर हर्ष अमरेन्द्र सिंह की अध्यक्षता में उपमंडल रामपुर के विभिन्न विभागों के निष्क्रिय (इनऑपरेटिव) तथा डीईएएफ (डिपॉजिटर एजुकेशन एंड अवेयरनेस फंड) से संबंधित बैंक खातों को सक्रिय करने और इनमें उपलब्ध शेष राशि को राज्य कोषागार में जमा करवाने के संबंध में एक समीक्षा बैठक आयोजित की गई। बैठक का मुख्य उद्देश्य सरकार द्वारा जारी दिशा-निर्देशों के अनुपालन की प्रगति की समीक्षा करना था।
बैठक में उपमंडल रामपुर के विभिन्न विभागों के कार्यालयाध्यक्षों के साथ-साथ क्षेत्र के विभिन्न बैंकों के शाखा प्रबंधकों ने भाग लिया। इस दौरान उपमंडल के अंतर्गत संचालित विभागीय बैंक खातों की वर्तमान स्थिति पर विस्तार से चर्चा की गई। विशेष रूप से उन खातों पर ध्यान केंद्रित किया गया जो लंबे समय से निष्क्रिय पड़े हैं या जिनका संचालन नियमित रूप से नहीं हो रहा है।
उपमंडलाधिकारी ने विभागवार जानकारी लेते हुए निर्देश दिए कि सभी विभाग अपने-अपने बैंक खातों का अद्यतन विवरण तैयार करें। इसमें सक्रिय खातों, निष्क्रिय खातों तथा डीईएएफ श्रेणी में आने वाले खातों का स्पष्ट उल्लेख किया जाए। उन्होंने कहा कि जो खाते लंबे समय से निष्क्रिय हैं, उन्हें आवश्यक प्रक्रिया पूरी कर शीघ्र सक्रिय किया जाए तथा जिन खातों में राशि उपलब्ध है, उनके संबंध में सरकार द्वारा जारी दिशा-निर्देशों के अनुसार आगे की कार्रवाई सुनिश्चित की जाए।
उन्होंने यह भी कहा कि जिन खातों में राशि उपलब्ध है और जिनका उपयोग अब विभागीय कार्यों के लिए नहीं हो रहा है, उनकी शेष राशि को निर्धारित प्रक्रिया के तहत राज्य कोषागार में जमा करवाने की कार्रवाई समयबद्ध तरीके से पूरी की जाए। साथ ही विभागीय बैंक खातों का संचालन पूर्ण पारदर्शिता और नियमों के अनुसार किया जाए, ताकि भविष्य में खाते निष्क्रिय श्रेणी में न जाएं।
बैठक के दौरान बैंक शाखा प्रबंधकों से भी निष्क्रिय एवं डीईएएफ खातों के संबंध में विस्तृत जानकारी साझा करने को कहा गया। उपमंडलाधिकारी ने बैंक अधिकारियों को निर्देशित किया कि वे संबंधित विभागों के साथ समन्वय स्थापित कर खातों की अद्यतन स्थिति उपलब्ध करवाएं तथा आवश्यक प्रक्रिया को शीघ्र पूरा करने में विभागों का सहयोग करें।
इस अवसर पर उपमंडलाधिकारी (नागरिक) ने कुछ विभागों द्वारा बैठक में भाग न लेने पर नाराजगी व्यक्त की। उन्होंने निर्देश दिए कि ऐसे सभी विभाग अपने-अपने विभाग से संबंधित निष्क्रिय (इनऑपरेटिव) एवं डीईएएफ खातों की विस्तृत रिपोर्ट अनिवार्य रूप से बुधवार तक कार्यालय में प्रस्तुत करें।
बैठक में बागवानी विकास अधिकारी रामपुर जोगिंद्र सिंह, तहसील कल्याण अधिकारी कर्मवीर, विभिन्न विभागों के अधिकारी, बैंक शाखा प्रबंधक तथा अन्य संबंधित अधिकारी उपस्थित रहे।
