एआरबी टाइम्स ब्यूरो | शिमला
राज्य सरकार ने घरेलू बिजली उपभोक्ताओं को बड़ा झटका देते हुए 126 यूनिट से अधिक खपत पर हिमाचल में बिजली सब्सिडी बंद कर दी है। नई व्यवस्था के तहत अब 126 यूनिट से अधिक बिजली उपयोग करने पर उपभोक्ताओं को 5.89 रुपये प्रति यूनिट की दर से बिल चुकाना होगा। पहले 126 से 300 यूनिट तक की खपत पर सरकार 1.73 रुपये प्रति यूनिट की सब्सिडी देती थी। इससे उपभोक्ताओं को इस स्लैब में करीब 4.17 रुपये प्रति यूनिट की दर से बिजली मिलती थी। लेकिन अब इस श्रेणी में कोई सब्सिडी नहीं मिलेगी, जिससे बिजली बिल में बढ़ोतरी होना तय है।
125 यूनिट तक मुफ्त बिजली जारी, दो मीटरों पर ही मिलेगा लाभ
सरकार ने 0 से 125 यूनिट तक मुफ्त बिजली की सुविधा जारी रखी है। यह लाभ घरेलू उपभोक्ताओं को हर महीने अधिकतम दो बिजली मीटरों तक ही मिलेगा। यदि किसी उपभोक्ता के पास दो से अधिक बिजली मीटर हैं, तो उन्हें 125 यूनिट तक भी 5.44 रुपये प्रति यूनिट के हिसाब से भुगतान करना होगा। वहीं 126 यूनिट से अधिक खपत होने पर 5.89 रुपये प्रति यूनिट की दर से बिल देना होगा।
मीटर को राशन कार्ड से लिंक करना अनिवार्य
सरकार ने स्पष्ट किया है कि सब्सिडी का लाभ लेने के लिए उपभोक्ताओं को अपने बिजली मीटर को राशन कार्ड से लिंक करवाना होगा। यह कदम पारदर्शिता सुनिश्चित करने और सही लाभार्थियों तक सब्सिडी पहुंचाने के लिए उठाया गया है। नई व्यवस्था में स्लैब आधारित प्रणाली बरकरार रहेगी, लेकिन अब सब्सिडी केवल 125 यूनिट तक ही सीमित कर दी गई है। 126 से 300 यूनिट और उससे अधिक खपत पर कोई सब्सिडी नहीं दी जाएगी।
अति गरीब परिवारों को बड़ी राहत
राज्य सरकार ने अति गरीब परिवारों को राहत देते हुए एक मीटर पर हर महीने 300 यूनिट तक मुफ्त बिजली देने का प्रावधान किया है। करीब एक लाख परिवारों को इस योजना का लाभ मिलेगा। इन परिवारों को जीरो बिजली बिल जारी किए जाएंगे और उनसे मीटर रेंट भी नहीं लिया जाएगा। बीपीएल परिवारों को दो बिजली मीटरों पर 125-125 यूनिट तक मुफ्त बिजली मिलती रहेगी। इसके अलावा, सरकार ने कृषि उपभोक्ताओं के लिए भी बिजली सब्सिडी जारी रखने का फैसला लिया है, जिससे किसानों को राहत मिलेगी।
