एआरबी टाइम्स ब्यूरो | रोहड़ू
हिमाचल प्रदेश की शांत वादियों में नशे का जाल फैलाने की कोशिश एक बार फिर नाकाम कर दी गई। शिमला पुलिस ने सख्त कार्रवाई करते हुए रोहड़ू के मेंहदली क्षेत्र से 83 ग्राम चिट्टा (हेरोइन) के साथ पंजाब के दो नशा तस्करों को दबोच लिया। यह कार्रवाई ऐसे समय में हुई है जब जिला पुलिस ने नए साल में नशे के खिलाफ जीरो टॉलरेंस अभियान छेड़ रखा है। गुप्त सूचना मिलते ही पुलिस हरकत में आई और रात के सन्नाटे में नाकाबंदी कर दी गई। करीब 2:30 बजे संदिग्ध कार को रोका गया। तलाशी के दौरान गाड़ी में छिपाकर रखा गया 83 ग्राम चिट्टा मिला। मौके से पकड़े गए आरोपियों की पहचान जसविंदर सिंह और धर्मपाल सिंह, निवासी पंजाब, के रूप में हुई है।
पुलिस ने बिना देर किए दोनों को गिरफ्तार कर एनडीपीएस एक्ट की कड़ी धाराओं में केस दर्ज कर लिया। बरामद नशे की कीमत अंतरराष्ट्रीय बाजार में लाखों रुपये बताई जा रही है। शुरुआती जांच में संकेत मिले हैं कि यह खेप किसी बड़े नेटवर्क का हिस्सा हो सकती है। अब पुलिस की नजर इस सप्लाई चेन के पीछे छिपे पूरे गिरोह पर है। यह पहला मामला नहीं है। पिछले साल भी रोहड़ू में 238 ग्राम चिट्टा पकड़ा गया था, और तब भी कनेक्शन पंजाब से ही जुड़ा था। इससे साफ है कि बाहरी राज्यों से हिमाचल में नशा घुसाने की लगातार कोशिशें हो रही हैं।
33 दिन में दबोचे 75 तस्कर
नया साल शुरू होते ही शिमला पुलिस ने नशे के खिलाफ जंग छेड़ दी है। महज 33 दिनों में 75 नशा तस्करों की गिरफ्तारी इस बात का साफ संकेत है कि पुलिस अब ढील देने के मूड में नहीं है। जिले में अब तक 40 केस दर्ज हो चुके हैं। पुलिस ने 100 से ज्यादा संदिग्धों की फाइलें तैयार कर ली हैं। अब तक 11 आरोपियों को जेल भेजा जा चुका है। अधिकारियों ने दो टूक कहा है कि हिमाचल की धरती को नशे का गलियारा नहीं बनने देंगे। जिले में छेड़ा गया यह अभियान आने वाले दिनों में और तेज होने वाला है। साफ है, अब नशा तस्करों के लिए हिमाचल की राह आसान नहीं रही।
