एआरबी टाइम्स ब्यूरो
शिमला। हिमाचल प्रदेश की राजधानी शिमला में जिला एवं सत्र न्यायालय ने नशे के खिलाफ कड़ा रुख अपनाते हुए ड्रग तस्करी के एक दोषी को कड़ी सजा सुनाई है। अदालत ने दिल्ली निवासी रोशन कुमार झा (25) को 324 ग्राम चिट्टा और 3.58 ग्राम MDMA (मेथिलीन डाई ऑक्सी मेथाम्फेटामाइन) रखने का दोषी पाते हुए 10 साल के कठोर कारावास और एक लाख रुपये जुर्माने की सजा सुनाई है।
मुख्य विवरण
- दोषी: रोशन कुमार झा, निवासी नेव सराय, नई दिल्ली।
- सजा: 10 साल सश्रम कारावास और ₹1 लाख जुर्माना।
- जुर्माना न भरने पर: एक साल का अतिरिक्त कारावास।
- बरामदगी: 324 ग्राम चिट्टा और 3.58 ग्राम MDMA।
कैसे पकड़ी गई नशे की खेप?
यह मामला 16 अक्तूबर 2022 का है। स्पेशल सेल की टीम एएसआई अंबीलाल के नेतृत्व में शोघी क्षेत्र में नियमित गश्त पर थी। सुबह करीब 11:45 बजे सोलन की ओर से आ रही हरियाणा रोडवेज की बस को चेकिंग के लिए रोका गया।तलाशी के दौरान सीट नंबर 9 पर बैठे रोशन कुमार झा के सामान की जब पुलिस ने चेकिंग करनी चाही, तो वह आनाकानी करने लगा। पुलिस ने युवक के बैग की तलाशी ली। आरोपी ने नशे की खेप को अपने पढ़ाई के सामान के बीच छिपाया था। बैग की तलाशी लेने पर उसमें से UPSC का एडमिट कार्ड, किताबें और मोबाइल चार्जर मिले। लेकिन जब बैग की गहराई से जांच की गई, तो उसमें भूरे रंग की टेप से लिपटे हुए पैकेट मिले। इन पैकेटों से कुल 324 ग्राम चिट्टा और 3.58 ग्राम MDMA बरामद हुआ। पुलिस थाना बालूगंज में एनडीपीएस (NDPS Act) की विभिन्न धाराओं के तहत मामला दर्ज किया गया था। ट्रायल के दौरान अभियोजन पक्ष ने पुख्ता सबूत और गवाह पेश किए।
