एआरबी टाइम्स ब्यूरो, मंडी
उपायुक्त अपूर्व देवगन ने कहा कि मंडी जिला में स्कूलों के आसपास बच्चों के स्वास्थ्य को ध्यान में रखते हुए ट्रांस फैट युक्त एवं अन्य हानिकारक खाद्य पदार्थों की बिक्री पर सख्त नियंत्रण किया जा रहा है। उन्होंने बताया कि स्कूल परिसर से 50 मीटर की निर्धारित दूरी तक ऐसे खाद्य पदार्थों की बिक्री पूरी तरह प्रतिबंधित रहेगी।
वे आज यहां सुरक्षित भोजन एवं स्वस्थ आहार विषय पर गठित जिला स्तरीय सलाहकार समिति की बैठक की अध्यक्षता कर रहे थे। उपायुक्त ने कहा कि इस प्रतिबंध को प्रभावी ढंग से लागू करने के लिए जिला नियंत्रक खाद्य एवं नागरिक आपूर्ति एवं उपभोक्ता मामले विभाग तथा स्कूल प्रबंधन का समन्वय सुनिश्चित किया जा रहा है।
उन्होंने निर्देश दिए कि स्कूलों के मुख्य द्वार पर स्पष्ट सूचना पट्ट लगाए जाएं, जिससे आमजन को प्रतिबंध की जानकारी मिल सके। इसके साथ-साथ स्कूल परिसरों में भी ट्रांस फैट युक्त खाद्य पदार्थों के वितरण पर रोक लगाने के लिए जागरूकता अभियान चलाया जाएगा, जिसे खाद्य एवं नागरिक आपूर्ति विभाग के सहयोग से क्रियान्वित किया जाएगा।
उपायुक्त ने शिक्षा विभाग और खाद्य एवं नागरिक आपूर्ति विभाग को ईट राइट इंडिया अभियान से अधिक से अधिक स्कूलों को जोड़ने के निर्देश दिए। साथ ही बाजार में घटिया व नकली खाद्य पदार्थों की बिक्री पर पूर्ण रोक लगाने के लिए नियमित निरीक्षण, नमूना संग्रहण और गुणवत्ता जांच पर विशेष जोर दिया। विशेष रूप से पनीर एवं अन्य दैनिक उपभोग की खाद्य वस्तुओं में मिलावट की संभावना को कम करने के लिए सख्त निगरानी के निर्देश दिए गए।
उन्होंने तंबाकू एवं अन्य नशीले पदार्थों की अवैध बिक्री पर प्रभावी नियंत्रण के लिए भी कार्रवाई में तेजी लाने को कहा।
बैठक में बताया गया कि 1 जून से 19 दिसंबर 2025 तक जिले में 205 निरीक्षण किए गए, जिनमें 137 खाद्य नमूने जांच के लिए लिए गए। इनमें से 91 रिपोर्ट प्राप्त हो चुकी हैं, जिनमें 20 नमूने मानकों के विपरीत पाए गए। इस दौरान विभिन्न मामलों में लगभग पांच लाख रुपये का जुर्माना भी वसूला गया है।
बैठक की कार्यवाही का संचालन जिला नियंत्रक खाद्य एवं नागरिक आपूर्ति एल.डी. ठाकुर ने किया। इस अवसर पर अतिरिक्त जिला दंडाधिकारी डॉ. मदन कुमार, नगर निगम मंडी के आयुक्त रोहित राठौर सहित संबंधित विभागों के अधिकारी एवं समिति के सदस्य उपस्थित रहे।
