एआरबी टाइम्स ब्यूरो | कुल्लू
सीनियर सिटीज़न्स काउंसिल, कुल्लू ने नेहरू पार्क, सरवरी परिसर में प्रस्तावित मटेरियल रिकवरी फैसिलिटी (MRF) को लेकर दायर जनहित याचिका पर माननीय हिमाचल प्रदेश उच्च न्यायालय द्वारा पारित अंतरिम आदेश का स्वागत किया है। न्यायालय ने 8 मई 2026 को मामले में यथास्थिति बनाए रखने के निर्देश जारी किए हैं। यह मामला नगर परिषद कुल्लू द्वारा नेहरू पार्क परिसर में कूड़ा प्रबंधन हेतु MRF स्थापित करने के निर्णय से जुड़ा है। परिषद ने पार्क की सुरक्षा और उसके मूल स्वरूप को संरक्षित रखने के उद्देश्य से उच्च न्यायालय का रुख किया था।
सीनियर सिटीज़न्स काउंसिल, कुल्लू के अध्यक्ष कमल भारद्वाज और महासचिव डी. के. शर्मा ने बताया कि करीब पांच बीघा क्षेत्र में फैला नेहरू पार्क पिछले लगभग पांच दशकों से कुल्लू शहर के प्रमुख मनोरंजन और पर्यावरणीय स्थलों में शामिल रहा है। पार्क में देवदार के पेड़, फूलों की क्यारियां, पगडंडियां, बेंच, फव्वारे, तालाब और बच्चों के खेल उपकरण मौजूद रहे हैं, जो वरिष्ठ नागरिकों, बच्चों और स्थानीय लोगों के लिए शांत एवं प्राकृतिक वातावरण उपलब्ध कराते रहे हैं। काउंसिल का कहना है कि वर्षों से पार्क की लगातार उपेक्षा हुई है और जनविरोध के बावजूद इसके उपयोग को बदलने अथवा अन्य उद्देश्यों के लिए इस्तेमाल करने के प्रयास किए जाते रहे हैं।
परिषद ने बताया कि वर्ष 2018 में भी पार्क परिसर में जलविद्युत परियोजना स्थापित करने का प्रस्ताव सामने आया था। उस समय तत्कालीन उपायुक्त ने स्थल निरीक्षण और विभिन्न पक्षों से चर्चा के बाद नगर परिषद को पार्क की मौजूदा स्थिति बनाए रखने और इसे विशेष रूप से वरिष्ठ नागरिकों के हित में विकसित करने के निर्देश दिए थे।
सीनियर सिटीज़न्स काउंसिल ने पार्क में गैर-मनोरंजनात्मक गतिविधियों से जुड़े प्रस्तावों का लगातार विरोध किया है। इनमें वाणिज्यिक परिसर निर्माण और वर्तमान MRF परियोजना जैसे प्रस्ताव शामिल हैं। परिषद ने यह भी चिंता जताई कि मौजूदा कचरा प्रबंधन सुविधा के पास कई देवदार के पेड़ पहले ही सूख चुके हैं और यदि प्रस्तावित परियोजना पार्क के भीतर स्थापित की गई तो पर्यावरण को और नुकसान पहुंच सकता है।
काउंसिल ने स्पष्ट किया कि वह शहर के लिए वैज्ञानिक और प्रभावी कचरा प्रबंधन व्यवस्था के पक्ष में है, लेकिन ऐसी सुविधाएं किसी वैकल्पिक स्थान पर स्थापित की जानी चाहिएं, न कि शहर के सीमित सार्वजनिक हरित स्थलों की कीमत पर। काउंसिल ने उम्मीद जताई कि नेहरू पार्क का संरक्षण, पुनर्स्थापन और विकास वर्तमान और आने वाली पीढ़ियों के हित में सुनिश्चित किया जाएगा।
