एआरबी टाइम्स ब्यूरो, नई दिल्ली
दुबई एयर शो में शुक्रवार को भारतीय वायुसेना का तेजस लड़ाकू विमान हादसे का शिकार हो गया, जिसमें विंग कमांडर नमन स्याल की जान चली गई। यह दुर्घटना उस समय हुई जब वे तेजस एमके-1 का उड़ान प्रदर्शन (डेमो) दे रहे थे। भारतीय वायुसेना ने घटना की पुष्टि करते हुए गहरा शोक व्यक्त किया। स्थानीय समय अनुसार दोपहर 2:10 बजे विमान अचानक अनियंत्रित होकर नीचे गिरा और टकराते ही जोरदार धमाका हुआ। कुछ ही क्षणों में घटनास्थल पर काले धुएं का गुबार छा गया। 37 वर्षीय विंग कमांडर नमन स्याल, हिमाचल प्रदेश के जिला कांगड़ा के नगरोटा बगवां क्षेत्र से संबंध रखते थे। उनके शहीद होने की खबर से प्रदेश भर में शोक की लहर दौड़ गई है।
16 साल से देश की सेवा कर रहे थे
विंग कमांडर नमन स्याल पिछले 16 वर्षों से भारतीय वायुसेना में सेवा दे रहे थे। वे पिछले छह दिनों से दुबई एयर शो का हिस्सा थे और शुक्रवार शो का अंतिम दिन था। उनकी पत्नी भी भारतीय वायुसेना में ग्राउंड ऑफिसर के रूप में तैनात हैं। नमन एक 10 वर्ष की बेटी के पिता थे। दुबई में आवश्यक औपचारिकताएं पूरी होने के बाद उनकी पार्थिव देह सोमवार तक पैतृक गांव पहुंचने की संभावना है, जहां पूरे सैन्य सम्मान के साथ अंतिम संस्कार किया जाएगा। तेजस हादसे में विंग कमांडर नमन स्याल की शहादत भारतीय वायुसेना के लिए एक बड़ा नुकसान है। उनका बलिदान राष्ट्र सेवा, साहस और समर्पण की अनुपम मिसाल बन गया है।
हिमाचल प्रदेश के मुख्यमंत्री सुखविंद्र सिंह सुक्खू ने कहा कि तेजस विमान हादसे में कांगड़ा के वीर सपूत नमन स्याल के निधन का समाचार अत्यंत दुःखद है। देश ने एक बहादुर, कर्तव्यनिष्ठ और साहसी पायलट खो दिया है। नेता प्रतिपक्ष जयराम ठाकुर ने भी गहरा शोक व्यक्त करते हुए कहा कि हिमाचल ने एक वीर जवान खो दिया है और राष्ट्र उनकी सेवाओं का ऋणी रहेगा।
