एआरबी टाइम्स ब्यूरो, शिमला
हिमाचल प्रदेश सरकार ने पंचायत राज विभाग के अंतर्गत कार्यरत दैनिक भोगी कर्मचारियों को बड़ी राहत प्रदान करते हुए उनकी दैनिक मजदूरी में बढ़ोतरी करने का निर्णय लिया है। इस संबंध में पंचायत राज विभाग द्वारा सभी खंड विकास अधिकारियों (BDO) को औपचारिक आदेश जारी कर दिए गए हैं।
यह फैसला वित्त विभाग के 9 अक्तूबर 2025 को जारी दिशा-निर्देशों के आधार पर लागू किया गया है। जारी आदेशों के अनुसार प्रदेश की ग्राम पंचायतों में दैनिक आधार पर कार्यरत सिलाई अध्यापिकाओं को अब 480 रुपये प्रतिदिन तथा पंचायत चौकीदारों को 425 रुपये प्रतिदिन की दर से मजदूरी का भुगतान किया जाएगा।
संशोधित दरें 1 अप्रैल 2025 से प्रभावी मानी जाएंगी और इसी आधार पर कर्मचारियों को उनका मासिक वेतन दिया जाएगा। आदेश में यह भी स्पष्ट किया गया है कि जनजातीय क्षेत्रों में सेवाएं दे रही सिलाई अध्यापिकाओं और पंचायत चौकीदारों को इन संशोधित दरों के अतिरिक्त 25 प्रतिशत अतिरिक्त भत्ता भी प्रदान किया जाएगा। यह प्रावधान वित्त विभाग के दिशा-निर्देशों के क्रम संख्या-3 के तहत लागू किया गया है।
पंचायत राज विभाग ने स्पष्ट किया है कि यह निर्णय दैनिक वेतन भोगी कर्मचारियों के हितों को ध्यान में रखते हुए लिया गया है। बढ़ती महंगाई और जीवन-यापन की लागत को देखते हुए सरकार ने यह कदम उठाया है, जिससे निचले स्तर पर कार्यरत कर्मचारियों को आर्थिक राहत मिल सके।
पंचायत राज विभाग के निदेशक राघव शर्मा ने सभी संबंधित अधिकारियों को निर्देश दिए हैं कि आदेशों का कड़ाई से पालन सुनिश्चित किया जाए और पात्र कर्मचारियों को बढ़ी हुई मजदूरी का लाभ समय पर प्रदान किया जाए। विभाग ने सभी खंड विकास अधिकारियों से यह भी कहा है कि 1 अप्रैल 2025 से प्रभावी संशोधित दरों के अनुसार भुगतान सुनिश्चित किया जाए और किसी भी प्रकार की देरी या लापरवाही न हो।
