एआरबी टाइम्स ब्यूरो
रामपुर बुशहर। हिमाचल प्रदेश के ननखड़ी क्षेत्र में HPMC द्वारा C ग्रेड सेब की खरीद न करने से किसान बेहद आक्रोशित हैं। हालत यह हो गई है कि ग्राम पंचायत अड्डू के शीला गांव में किसानों ने मजबूरी में अपने सेब नालों में फेंक दिए हैं।
देव राज, रमेश खंड, रमेश ठाकुर और अमित समेत कई बागवानों का कहना है कि इस साल प्राकृतिक आपदा और ओलावृष्टि से फसल पहले ही प्रभावित हुई है। अब जब C ग्रेड सेब की बिक्री भी रुक गई है, तो सेब सड़ने की कगार पर हैं। अड्डू पंचायत के प्रधान पिंकू खंड ने एचपीएमसी से तत्काल सेब खरीद केंद्र खोलने की मांग की है। उन्होंने चेतावनी दी है कि यदि जल्द कोई समाधान नहीं निकला, तो किसान सड़कों पर उतरकर आंदोलन करेंगे।
राज्यपाल को सौंपा गया ज्ञापन
रामपुर तहसील में भाजपा कार्यकर्ताओं ने बुधवार को तहसीलदार के माध्यम से राज्यपाल को एक ज्ञापन सौंपा। ज्ञापन में बताया गया कि रामपुर 12/20, नरेण क्षेत्र और ननखड़ी में सेब खरीद केंद्र C ग्रेड सेब की बोरियां नहीं खरीद रहे हैं।
किसानों की मांगें:
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सभी सेब खरीद केंद्र तुरंत खोले जाएं
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C ग्रेड सेब की तत्काल खरीद शुरू हो
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बंद सड़कों की शीघ्र मरम्मत की जाए
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मंडियों में उचित दाम की व्यवस्था की जाए
भाजपा नेताओं और बागवानों का कहना है कि अगर HPMC और सरकार ने समय रहते कदम नहीं उठाए, तो प्रदेश में बड़ा किसान आंदोलन हो सकता है।
एचपीएमसी प्रबंधक जरोल टिक्कर विजय ने जानकारी दी कि सड़कों के बंद होने के कारण अड्डू, कुंगल बाल्टी, ननखड़ी, पनैल, शीलबाग और गाहन क्षेत्रों से सी ग्रेड सेब की बोरियां नहीं उठाई जा पा रही हैं।
उन्होंने बागवानों से सहयोग की अपील करते हुए कहा कि वे अपनी सेब की बोरियों को खोलीघाट, टुटू पानी या टिक्कर तक स्वयं पहुंचाएं, ताकि फसल का उचित मूल्य मिल सके।
प्रबंधक ने यह भी बताया कि कुछ बागवान स्वयं जहां तक सड़कें खुली हैं, वहां तक अपनी फसल पहुंचा रहे हैं।
