एआरबी टाइम्स ब्यूरो
मंडी। जिला मंडी में लगातार भारी बारिश और भूस्खलन से चंडीगढ़-मनाली राष्ट्रीय राजमार्ग बार-बार बाधित हो रहा है। इस आपदा में स्थानीय प्रशासन और जनता ने मिलकर मानवता की मिसाल पेश की है। प्रशासन की ओर से फंसे यात्रियों के लिए भोजन, आश्रय और स्वास्थ्य सेवाओं की व्यवस्था की गई। बुधवार तक लगभग 7 हजार यात्रियों को तीन समय का भोजन और 650 लोगों को ठहरने की सुविधा उपलब्ध करवाई गई।
राहत शिविर और सुविधाएं
बालीचौकी उपमंडल में छह राहत शिविर स्थापित किए गए।
औट के लघु बचत भवन और थलौट में नाश्ते से लेकर दोपहर और रात्रि भोजन तक की सुविधा दी गई।
हणोगी सुरंग संख्या 11 के पास स्वास्थ्य सुविधा सहित शिविर बनाया गया।
नगवाईं के राधा स्वामी सत्संग भवन में भोजन और आश्रय की व्यवस्था की गई।
स्थानीय एनजीओ और व्यापार मंडलों ने भी सहयोग करते हुए भोजन और आश्रय की सेवाएं उपलब्ध करवाईं।
प्रशासन की कोशिशें
एसडीएम बालीचौकी देवीराम ने कहा कि विषम परिस्थितियों में भी फोरलेन मार्ग को सुचारू रखने के लिए युद्ध स्तर पर कार्य जारी है। सुरक्षा कारणों से मार्ग बंद होने पर यात्रियों के लिए भोजन, आश्रय और स्वास्थ्य जांच की उचित व्यवस्था की गई है। उन्होंने जनता और समाजसेवी संस्थाओं के सहयोग के लिए आभार जताया।
