शिमला| जिला शिमला में नशे के अवैध कारोबार के खिलाफ पुलिस का अभियान लगातार जारी है। इसी कड़ी में जुब्बल पुलिस ने नेहनार-जुब्बल मार्ग पर कार्रवाई करते हुए पंजाब के एक 18 वर्षीय युवक को 33 ग्राम चिट्टे (हेरोइन) के साथ गिरफ्तार किया है। आरोपी की पहचान गोविंद निवासी लुधियाना, पंजाब के रूप में हुई है। पुलिस ने मंगलवार को आरोपी को गिरफ्तार कर एनडीपीएस एक्ट के तहत मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
पुलिस की प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि आरोपी पंजाब से चिट्टे की खेप लेकर उसे बेचने के उद्देश्य से क्षेत्र में पहुंचा था। हालांकि, अभी तक यह स्पष्ट नहीं हो पाया है कि आरोपी चिट्टा किस व्यक्ति को देने वाला था। पुलिस इस मामले में स्थानीय स्तर पर सक्रिय तस्करों और नेटवर्क से जुड़े अन्य लोगों की पहचान करने में जुटी है।
पुलिस आरोपी को न्यायालय में पेश कर रही है। रिमांड हासिल करने के बाद उससे पूछताछ की जाएगी। पुलिस का प्रयास है कि पूछताछ के माध्यम से चिट्टे की खेप के मुख्य सप्लायर, संभावित खरीदारों और इस अवैध कारोबार से जुड़े अन्य लोगों तक पहुंचा जा सके। जांच एजेंसी यह भी पता लगाने का प्रयास कर रही हैं कि आरोपी पहले भी इस तरह की गतिविधियों में संलिप्त रहा है या नहीं।
चिट्टा तस्कर की जमानत याचिका खारिज
वहीं, चिट्टा तस्करी के एक अन्य मामले में सीबीआई की विशेष अदालत शिमला ने आरोपी को जमानत देने से इनकार कर दिया है। हरियाणा के अंबाला निवासी प्रदीप सिंह के कब्जे से पुलिस ने करीब 10 ग्राम चिट्टा बरामद किया था। इस संबंध में पुलिस थाना सदर शिमला में एनडीपीएस एक्ट की धारा 21 और 29 के तहत मामला दर्ज है।
मामले में आरोपी ने अदालत में जमानत के लिए याचिका दायर की थी। पुलिस ने बरामदगी और जांच के दौरान जुटाए गए साक्ष्यों के आधार पर जमानत का विरोध किया। पुलिस की ओर से की गई पैरवी के बाद 3 नवंबर को माननीय विशेष न्यायाधीश, सीबीआई कोर्ट शिमला ने आरोपी की जमानत याचिका खारिज कर दी।
शिमला पुलिस का कहना है कि नशा तस्करी के खिलाफ अभियान आगे भी जारी रहेगा। पुलिस न केवल नशीले पदार्थों की बरामदगी और आरोपियों की गिरफ्तारी पर ध्यान दे रही है, बल्कि तस्करी के पूरे नेटवर्क का पता लगाने के लिए साक्ष्य आधारित जांच और न्यायालय में प्रभावी पैरवी भी सुनिश्चित कर रही है।
