एआरबी टाइम्स ब्यूरो, किन्नौर
किन्नौर जिला प्रशासन द्वारा आपदा प्रबंधन की तैयारियों को सुदृढ़ बनाने के उद्देश्य से आयोजित पर्वतीय बचाव प्रशिक्षण कार्यक्रम के उपरांत, उपायुक्त किन्नौर डॉ. अमित कुमार शर्मा एवं पुलिस अधीक्षक किन्नौर अभिषेक शेखर ने आज डीसी कार्यालय के कन्वेंशन हॉल में होमगार्ड्स तथा हिमाचल पुलिस की क्विक रिएक्शन टीम (QRT) के सदस्यों से मुलाकात की।
यह दल 13 अक्तूबर से 19 अक्तूबर 2025 तक सांगला उपमंडल के रक्छम में आयोजित पर्वतीय बचाव पाठ्यक्रम में शामिल हुआ था। इस प्रशिक्षण का उद्देश्य आपदा की स्थिति में त्वरित एवं प्रभावी राहत कार्यों के लिए दल को सक्षम बनाना था।
किन्नौर माउंटेन रेस्क्यू एसोसिएशन के अध्यक्ष एवं सियाचिन ग्लेशियर अभियान का अनुभव रखने वाले प्रख्यात पर्वतारोही प्रद्युमन सिंह नेगी ने इस अवसर पर आपदा प्रभावित क्षेत्रों से घायलों के सुरक्षित निकासी (इवैक्यूएशन) प्रक्रिया पर विस्तृत जानकारी साझा की। उन्होंने बताया कि प्रशिक्षण के दौरान दल के सदस्यों को कठिन भौगोलिक परिस्थितियों में राहत कार्य करने की तकनीकों का अभ्यास कराया गया।
इस अवसर पर उपायुक्त डॉ. अमित शर्मा ने जिला प्रशासन की ओर से हरसंभव सहयोग का आश्वासन दिया। उन्होंने कहा कि प्रशासन क्विक रिएक्शन टीम के लिए नवीनतम बचाव उपकरणों की खरीद सुनिश्चित करेगा, ताकि किसी भी आपदा की स्थिति में त्वरित प्रतिक्रिया दी जा सके। उन्होंने यह भी कहा कि आने वाले समय में स्थानीय पुलिस कर्मियों को उत्तराखंड के औली (जनपद चमोली) में हिमाच्छादित क्षेत्रों में बचाव कार्यों का विशेष प्रशिक्षण दिलाने की योजना है।
डीसी ने सभी प्रशिक्षित जवानों को उनके समर्पण और कर्तव्यनिष्ठा के लिए बधाई दी और कहा कि इस प्रकार के प्रशिक्षण से किन्नौर जैसे आपदा संभावित जनजातीय जिले में राहत एवं बचाव कार्यों की दक्षता में उल्लेखनीय सुधार आएगा।
