एआरबी टाइम्स ब्यूरो | चंडीगढ़
नारकोटिक्स कंट्रोल ब्यूरो (एनसीबी) चंडीगढ़ ने नशा तस्करी के मामलों में फरार चल रहे तीन आरोपियों पर इनाम घोषित किया है। इन आरोपियों में दो हिमाचल प्रदेश के मंडी जिले से हैं, जबकि एक आरोपी पंजाब के मोगा जिले का निवासी है। एनसीबी की ओर से प्रत्येक आरोपी की गिरफ्तारी या उसके बारे में पुख्ता सूचना देने पर 25-25 हजार रुपये का इनाम रखा गया है। ब्यूरो ने स्पष्ट किया है कि सूचना देने वाले व्यक्ति की पहचान पूरी तरह गोपनीय रखी जाएगी।
जानकारी के अनुसार पहला आरोपी सन्नी है, जो पंजाब के मोगा जिले के वार्ड नंबर-23, विश्वकर्मा नगर, थाना साउथ मोगा क्षेत्र का रहने वाला है। सन्नी 1.850 किलोग्राम चरस बरामदगी से जुड़े मामले में वांछित है। अदालत की ओर से उसे पहले ही उद्घोषित अपराधी घोषित किया जा चुका है। लंबे समय से फरार रहने के चलते एनसीबी ने उसकी गिरफ्तारी के लिए 25 हजार रुपये का इनाम घोषित किया है। दूसरा आरोपी रमेश कुमार है, जो हिमाचल प्रदेश के मंडी जिले के पधर क्षेत्र के बल्ह धार गांव का निवासी है। रमेश कुमार के पास से भी 1.850 किलोग्राम चरस बरामद की गई थी। इस मामले में भी अदालत उसे उद्घोषित अपराधी घोषित कर चुकी है। लगातार फरारी के कारण एनसीबी ने उस पर भी 25 हजार का इनाम रखा है। तीसरा आरोपी रूपेश कुमार है, जो मंडी, हिमाचल प्रदेश का रहने वाला है। रूपेश कुमार भी चरस तस्करी से जुड़े मामलों में वांछित है और उसकी गिरफ्तारी के लिए भी इनाम घोषित किया गया है।
सूचना देने वाले का नाम गुप्त रखा जाएगा : एनसीबी
एनसीबी अधिकारियों के अनुसार, इन तीनों आरोपियों की तलाश में एजेंसी की टीमें कई बार संबंधित इलाकों में छापे मार चुकी हैं, लेकिन अब तक कोई सफलता नहीं मिल पाई है। आरोप है कि आरोपियों के पारिवारिक सदस्य भी जांच में सहयोग नहीं कर रहे हैं। इन्हीं परिस्थितियों को देखते हुए एनसीबी ने आम जनता की मदद लेने के उद्देश्य से इनाम घोषित करने का फैसला लिया है। एनसीबी ने लोगों से अपील की है कि यदि किसी को इन आरोपियों के बारे में कोई भी जानकारी मिलती है, तो वह तुरंत ब्यूरो को सूचित करे। ब्यूरो ने भरोसा दिलाया है कि सूचना देने वाले का नाम पूरी तरह सुरक्षित रखा जाएगा।
