एआरबी टाइम्स ब्यूरो | शिमला
हिमाचल प्रदेश सरकार ने पंचायत चुनावों को लेकर बड़ा निर्णय लेते हुए निर्विरोध चुनी जाने वाली पंचायतों के लिए अनुदान राशि में भारी बढ़ोतरी की है। नई अधिसूचना के तहत ग्राम पंचायत से लेकर जिला परिषद स्तर तक अनुदान को डेढ़ से सात गुना तक बढ़ाया गया है। सरकार ने 20 अप्रैल 2026 की पुरानी अधिसूचना को निरस्त करते हुए संशोधित दिशा-निर्देश लागू कर दिए हैं। यह योजना आगामी पंचायती राज चुनावों में लागू होगी।
ग्राम पंचायत को मिलेगा 25 लाख तक अनुदान
नई व्यवस्था के अनुसार यदि ग्राम पंचायत में प्रधान, उपप्रधान और सभी सदस्य निर्विरोध चुने जाते हैं तो संबंधित पंचायत को 25 लाख रुपये की अनुदान राशि दी जाएगी पहले यह राशि 10 लाख रुपये थी
पंचायत समिति और जिला परिषद के लिए भी बड़ा फायदा
सरकार ने अन्य स्तरों पर भी अनुदान में भारी वृद्धि की है। सभी सदस्य, अध्यक्ष और उपाध्यक्ष निर्विरोध चुने जाने पर 50 लाख रुपये। पहले यह राशि 5 लाख रुपये थी
जिला परिषद : सभी सदस्य, अध्यक्ष और उपाध्यक्ष निर्विरोध होने पर 1 करोड़ रुपये पहले यह राशि 15 लाख रुपये थी
सरकार का उद्देश्य क्या है?
सरकार के अनुसार इस पहल के मुख्य उद्देश्य हैं:
- चुनावी प्रतिस्पर्धा के बजाय आपसी सहमति को बढ़ावा देना
- सामाजिक समरसता को मजबूत करना
- चुनावी खर्च में कमी लाना
- विकास कार्यों के लिए अधिक संसाधन उपलब्ध कराना
