एआरबी टाइम्स ब्यूरो | रामपुर बुशहर
गोविंद वल्लभ पंत मेमोरियल राजकीय महाविद्यालय रामपुर बुशहर में हिंदी एवं इंग्लिश विभाग के संयुक्त तत्वावधान में सॉफ्ट स्किल विषय पर तीन दिवसीय कार्यशाला का आयोजन किया गया। कार्यशाला में महाविद्यालय के स्नातकोत्तर विद्यार्थियों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया। इस अवसर पर महाविद्यालय के प्राचार्य डॉ. पंकज बासोतिया ने हिंदी एवं इंग्लिश विभाग को सफल आयोजन के लिए बधाई दी और विद्यार्थियों को प्रेरणादायक संदेश देते हुए जीवन में सॉफ्ट स्किल के महत्व पर प्रकाश डाला।
कार्यशाला के पहले दिन हिंदी विभाग की सहायक प्राध्यापक अंजलि नेगी ने तनाव प्रबंधन विषय पर अपने विचार साझा किए। उन्होंने कहा कि वर्तमान समय में विद्यार्थियों में पढ़ाई का दबाव, परीक्षा का भय, असफलता और समय की कमी के कारण मानसिक तनाव बढ़ रहा है। उन्होंने नियमित दिनचर्या, समय प्रबंधन, संतुलित आहार, योग तथा परिवार और शिक्षकों से संवाद को तनाव कम करने के प्रभावी उपाय बताया।
दूसरे दिन इंग्लिश विभाग के सहायक प्रोफेसर राजेश नेगी ने आलोचनात्मक सोच के विकास और समस्याओं के समाधान पर विद्यार्थियों को संबोधित किया। उन्होंने विद्यार्थियों को पुस्तकों एवं महान व्यक्तियों की जीवनियों के अध्ययन के लिए प्रेरित करते हुए कहा कि अच्छी पुस्तकों का अध्ययन व्यक्ति में तार्किक एवं आलोचनात्मक सोच विकसित करता है। चर्चा सत्र में विद्यार्थियों ने भी सक्रिय भागीदारी निभाई।
कार्यशाला के अंतिम दिन अर्थशास्त्र विभाग के सहायक प्रोफेसर डॉ. सतपाल खुंद ने प्रभावी संप्रेषण और व्यक्तित्व के सर्वांगीण विकास पर विस्तार से चर्चा की। उन्होंने कहा कि प्रभावी संप्रेषण एक अच्छे विद्यार्थी की पहचान होती है। एक विद्यार्थी जितना अधिक पढ़ेगा और सीखेगा, उतना ही बेहतर वक्ता और श्रोता बन सकेगा। उन्होंने कहा कि आज का विद्यार्थी ही कल समाज का शिक्षक, डॉक्टर, इंजीनियर और नेता बनेगा, इसलिए सॉफ्ट स्किल का विकास अत्यंत आवश्यक है।
