एआरबी टाइम्स ब्यूरो
शिमला। शिक्षा मंत्री रोहित ठाकुर ने शिमला में लोक निर्माण विभाग (PWD) और एचपीएमसी के वरिष्ठ अधिकारियों के साथ एक समीक्षा बैठक की अध्यक्षता की। बैठक में उन्होंने लगातार बारिश से क्षतिग्रस्त सड़कों की मरम्मत और सेब सीजन को ध्यान में रखते हुए शीघ्र बहाली के निर्देश दिए।
मंत्री ने बताया कि केवल रोहड़ू सर्कल में ही करीब ₹80 करोड़ रुपये का नुकसान हुआ है। इस क्षेत्र में 230 सड़कें प्रभावित हुई हैं, जिनमें से अब तक 203 सड़कों को बहाल कर दिया गया है। बाकी सड़कों को 4 सितंबर तक बहाल करने का लक्ष्य रखा गया है, जिसके लिए 113 मशीनें (JCB, डोजर, टिपर आदि) तैनात की गई हैं। एनएच-705 को खोल दिया गया है, जबकि एनएच-707 पर बहाली का कार्य युद्धस्तर पर जारी है।
एचपीएमसी अधिकारियों के अनुसार, गुम्मा में 37 में से 31 सेब संग्रह केंद्र और जुब्बल में 28 में से 25 केंद्र प्रभावित हुए हैं। लगभग 80,000 सेब की क्रेटें इन केंद्रों में रखी गई हैं, जिनमें से कई मलबे के नीचे दब गई हैं और बार बार हो रहे भूस्खलन के कारण सेब की ढुलाई भी प्रभावित हो रही है। शिक्षा मंत्री ने बागवानों की समस्याओं पर गहरी चिंता जताई और भरोसा दिलाया कि सेब के सुचारु परिवहन के लिए सरकार पूरी तरह प्रयासरत है। उन्होंने कहा कि सेब क्षेत्र की आर्थिक जीवनरेखा है, इसलिए सड़क बहाली को सर्वोच्च प्राथमिकता दी जा रही है।
उन्होंने अधिकारियों को ₹178 करोड़ पीडीएनए फंड के उपयोग में पारदर्शिता रखने और आवश्यकता पड़ने पर अतिरिक्त बजट प्रस्ताव भेजने के निर्देश भी दिए। मंत्री ने जनता से धैर्य बनाए रखने की अपील की और कहा कि सरकार हर कदम पर प्रभावित परिवारों के साथ है। वे जल्द ही क्षेत्र का निरीक्षण दौरा भी करेंगे।
