एआरबी टाइम्स ब्यूरो, दिल्ली
केंद्रीय औद्योगिक सुरक्षा बल (सीआईएसएफ) ने आज नेपाल सशस्त्र पुलिस बल (एपीएफ) के 19 आगंतुक अधिकारियों के लिए एक विशेष अध्ययन एवं संवाद कार्यक्रम का आयोजन किया। नेपाल सशस्त्र पुलिस बल नेपाल संघीय लोकतांत्रिक गणराज्य का एकमात्र अर्धसैनिक बल है, जिसे आंतरिक सुरक्षा, वीआईपी सुरक्षा तथा महत्वपूर्ण प्रतिष्ठानों की सुरक्षा का दायित्व सौंपा गया है।
यह अध्ययन भ्रमण नेपाल में एपीएफ अधिकारियों के लिए संचालित अधिकारी पाठ्यक्रम का हिस्सा है, जिसे उनके प्रशिक्षण कार्यक्रम के चौथे सेमेस्टर के दौरान आयोजित किया जाता है।
कार्यक्रम का आयोजन सीआईएसएफ मुख्यालय, नई दिल्ली के सम्मेलन कक्ष में किया गया, जिसकी अध्यक्षता श्री विजय प्रकाश, आईपीएस, अतिरिक्त महानिदेशक (मुख्यालय) ने की। उद्घाटन संबोधन में श्री विनय काजला, उप महानिरीक्षक (प्रशिक्षण) ने देश की महत्वपूर्ण परिसंपत्तियों की सुरक्षा सुनिश्चित करने में सीआईएसएफ की भूमिका, दायित्वों एवं कार्यप्रणाली पर प्रकाश डाला।
इस अवसर पर सीआईएसएफ के परिचालन, प्रशासनिक व्यवस्था एवं कार्मिक कल्याण से जुड़े कार्यों पर विस्तृत प्रस्तुति दी गई। साथ ही उभरती सुरक्षा चुनौतियों, विशेषकर ड्रोन खतरों से निपटने के लिए राष्ट्रीय औद्योगिक सुरक्षा अकादमी, हैदराबाद तथा क्षेत्रीय प्रशिक्षण केंद्र, भिलाई में स्थापित ड्रोन प्रशिक्षण विद्यालयों की जानकारी भी साझा की गई।
संवादात्मक सत्र के दौरान नेपाल एपीएफ के अधिकारियों ने सीआईएसएफ की पदस्थापना नीति एवं आंतरिक प्रक्रियाओं से संबंधित प्रश्न पूछे, जिनका संबंधित अधिकारियों द्वारा विस्तारपूर्वक उत्तर दिया गया। अतिरिक्त महानिदेशक (मुख्यालय) ने पेशेवर सुरक्षा परामर्श सेवाओं में सीआईएसएफ की भूमिका पर भी प्रकाश डाला, जो निजी, सरकारी एवं अर्ध-सरकारी संस्थानों को नाममात्र शुल्क पर प्रदान की जाती हैं।
समापन संबोधन में नेपाल सशस्त्र पुलिस बल के उप महानिरीक्षक श्री शम्भु सुबेदी ने भारत सरकार एवं सीआईएसएफ के प्रति स्नेहपूर्ण आतिथ्य और उपयोगी अनुभव साझा करने के लिए आभार व्यक्त किया। उन्होंने कहा कि यह अध्ययन कार्यक्रम एपीएफ अधिकारियों की पेशेवर दक्षता बढ़ाने में सहायक सिद्ध होगा। इस अवसर पर आगंतुक अधिकारियों को स्मृति चिह्न भी भेंट किए गए।
कार्यक्रम के उपरांत नेपाल एपीएफ के अधिकारियों ने फील्ड विजिट के तहत दिल्ली मेट्रो रेल कॉरपोरेशन (डीएमआरसी) का दौरा किया। यह प्रशिक्षण कार्यक्रम पुलिस अनुसंधान एवं विकास ब्यूरो (बीपीआरएंडडी) के दिशा-निर्देशों के अंतर्गत आयोजित किया जा रहा है, जिसका उद्देश्य पड़ोसी देशों के साथ पेशेवर सहयोग और द्विपक्षीय संबंधों को और मजबूत करना है। आगंतुक अधिकारी भारत में 10-दिवसीय अध्ययन दौरे पर हैं।
