एआरबी टाइम्स ब्यूरो | शिमला
हिमाचल प्रदेश के मुख्यमंत्री सुखविंद्र सिंह सुक्खू ने प्रदेश के युवाओं को स्वरोजगार से जोड़ने और ‘ईज ऑफ डूइंग बिजनेस को बढ़ावा देने के लिए कई बड़े फैसलों की घोषणा की है। मंगलवार को श्रम एवं रोजगार विभाग की समीक्षा बैठक की अध्यक्षता करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि राजीव गांधी स्वरोजगार स्टार्टअप योजना-2023 के तहत 1000 युवाओं को ई-टैक्सी और ई -रिक्शा खरीदने पर सरकार 50 प्रतिशत सब्सिडी देगी। उन्होंने कहा कि अनुदान डायरेक्ट बेनिफिट ट्रांसफर (DBT) के माध्यम से सीधे लाभार्थियों के बैंक खातों में भेजा जाएगा। मुख्यमंत्री ने स्पष्ट किया कि प्रदेश सरकार का मुख्य लक्ष्य युवाओं के लिए रोजगार के नए अवसर पैदा करना, व्यापारिक गतिविधियों को रफ्तार देना और पर्यावरण के अनुकूल परिवहन व्यवस्था को मजबूत करना है।
हिमाचल में अब 24 घंटे खुल सकेंगी दुकानें
व्यापारियों और उद्यमियों को बड़ी राहत देते हुए राज्य सरकार ने हिमाचल प्रदेश दुकान एवं वाणिज्यिक प्रतिष्ठान अधिनियम 1969 में महत्वपूर्ण संशोधन किया है। अब संशोधित नियमों के तहत प्रदेश भर में दुकानों और वाणिज्यिक प्रतिष्ठानों को 24 घंटे (दिन-रात) संचालित करने की अनुमति दे दी गई है। मुख्यमंत्री सुक्खू ने कहा कि इस ऐतिहासिक कदम से राज्य में व्यापारिक गतिविधियों को गति मिलेगी, स्थानीय अर्थव्यवस्था मजबूत होगी और उपभोक्ताओं को अपनी सुविधानुसार खरीदारी करने का मौका मिलेगा।
डिजिटल होंगी सभी सेवाएं, श्रमिक कल्याण को प्राथमिकता
भ्रष्टाचार और देरी को समाप्त करने के लिए मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को सख्त निर्देश दिए हैं। उन्होंने कहा कि दुकानदारों और उद्यमियों को मिलने वाले सभी प्रमाणपत्र (Certificates) और लाइसेंस की प्रक्रिया को पूरी तरह डिजिटल किया जाए ताकि लोगों को सरकारी दफ्तरों के चक्कर न काटने पड़ें। सरकार व्यवसाय सुगमता (Ease of Doing Business) के लिए नियमों को सरल तो कर रही है, लेकिन इसके साथ ही श्रमिकों के अधिकारों और उनके कल्याण से कोई समझौता नहीं किया जाएगा। अधिकारियों को निर्देश दिए गए हैं कि विभाग की सभी कल्याणकारी योजनाओं का लाभ पात्र लाभार्थियों और कामगारों तक बिना किसी देरी के समय पर पहुंचे।
