एआरबी टाइम्स ब्यूरो, शिमला | हिमाचल प्रदेश के सरकारी स्कूलों में पढ़ाई के साथ विद्यार्थियों को रोजगार से जुड़े कौशल सिखाने की दिशा में बड़ा कदम उठाया गया है। केंद्र सरकार ने प्रदेश के 302 सरकारी स्कूलों में व्यावसायिक (वोकेशनल) विषय शुरू करने को मंजूरी दे दी है। नए शैक्षणिक सत्र 2026-27 से इन स्कूलों में विद्यार्थियों को कौशल आधारित पाठ्यक्रम पढ़ाए जाएंगे। इस पहल का उद्देश्य विद्यार्थियों को स्कूली शिक्षा के साथ ऐसे व्यावहारिक कौशल से जोड़ना है, जो आगे की पढ़ाई, रोजगार और स्वरोजगार में उनके लिए उपयोगी साबित हो सकें। इससे छात्र अपनी रुचि और क्षमता के अनुसार स्किल सेक्टर का चुनाव भी कर सकेंगे।
कांगड़ा में सबसे ज्यादा 47 स्कूल
केंद्र से मिली मंजूरी के तहत प्रदेश के अलग-अलग जिलों में स्कूलों का चयन किया गया है। कांगड़ा जिले के 47 स्कूलों में नए व्यावसायिक विषय शुरू किए जाएंगे। इसके बाद चंबा के 45, सिरमौर के 43 और शिमला के 41 स्कूलों को शामिल किया गया है। वोकेशनल शिक्षा के विस्तार से विद्यार्थियों को पारंपरिक शैक्षणिक विषयों के साथ कौशल आधारित विकल्प भी मिलेंगे। स्कूली स्तर पर व्यावहारिक प्रशिक्षण हासिल करने से छात्रों को अपनी रुचि के क्षेत्र को समझने और भविष्य के करियर की दिशा तय करने में मदद मिल सकती है। इसके अलावा कौशल आधारित शिक्षा से स्थानीय स्तर पर रोजगार, स्वरोजगार और आगे चलकर व्यावसायिक या कौशल आधारित उच्च शिक्षा के अवसरों का रास्ता भी खुल सकता है।
जिलेवार स्वीकृत स्कूलों की संख्या इस प्रकार है…
| जिला | स्कूल | जिला | स्कूल |
|---|---|---|---|
| कांगड़ा | 47 | चंबा | 45 |
| सिरमौर | 43 | शिमला | 41 |
| मंडी | 39 | सोलन | 28 |
| ऊना | 21 | कुल्लू | 19 |
| हमीरपुर | 11 | बिलासपुर | 10 |
| लाहौल-स्पीति | 1 | कुल | 302 |
हाई और सीनियर सेकेंडरी स्कूल दोनों शामिल
नई स्वीकृति में केवल राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय ही नहीं, बल्कि राजकीय उच्च विद्यालयों को भी शामिल किया गया है। इससे माध्यमिक स्तर से ही विद्यार्थियों को व्यावसायिक शिक्षा से जोड़ने का रास्ता खुलेगा। प्रदेश के सरकारी स्कूलों में पहले से ही आईटी, स्वास्थ्य, पर्यटन, कृषि, खुदरा व्यापार, ऑटोमोबाइल, सुरक्षा, दूरसंचार, मीडिया और बैंकिंग जैसे क्षेत्रों से संबंधित कई वोकेशनल कोर्स संचालित किए जा रहे हैं। अब 302 और स्कूलों के जुड़ने से इन पाठ्यक्रमों की पहुंच और बढ़ेगी।

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