एआरबी टाइम्स ब्यूरो
शिमला। हिमाचल प्रदेश विश्वविद्यालय में नए शैक्षणिक सत्र की शुरुआत के साथ ही छात्र राजनीति में तनाव बढ़ता जा रहा है। अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद (ABVP) ने स्टूडेंट्स फेडरेशन ऑफ इंडिया (SFI) पर गंभीर आरोप लगाते हुए कहा है कि एसएफआई के 15-20 कार्यकर्ताओं ने उनकी एक महिला कार्यकर्ता पर बर्बर हमला किया।
ABVP की इकाई उपाध्यक्ष व राष्ट्रीय कार्यकारिणी सदस्य अमन अदिति ने जानकारी देते हुए बताया कि पीड़ित छात्रा कक्षा से बाहर निकल रही थी, तभी SFI से जुड़े गुंडों ने उस पर लात-घूंसे बरसाए। हमले के बाद छात्रा बेहोश हो गई, लेकिन उसके बाद भी मारपीट जारी रही। इस हमले में दो अन्य छात्रों को भी गंभीर चोटें आई हैं।
SFI पर पुराने आरोप भी उभरे
ABVP ने आरोप लगाया कि यह पहली बार नहीं है जब SFI ने विरोधी विचारधारा रखने वाले छात्रों पर हिंसा की है। इससे पहले भी एक जनजातीय छात्रा के साथ मारपीट की गई थी, जिसमें उसका हाथ टूट गया था।
नारी सशक्तिकरण की बात, लेकिन व्यवहार में हिंसा?
जहां SFI नारी सशक्तिकरण और समाजवाद की बातें करता है, वहीं व्यवहार में वह असहमति रखने वालों को हिंसा से कुचलने का प्रयास करता है। आर्ट्स डिपार्टमेंट में हुई इस ताजा घटना ने फिर से विश्वविद्यालय परिसर की सुरक्षा व्यवस्था पर सवाल खड़े कर दिए हैं।
प्रशासन की चुप्पी पर उठे सवाल
ABVP ने विश्वविद्यालय प्रशासन की निष्क्रियता पर चिंता जताते हुए कहा कि यदि भविष्य में इस प्रकार की घटना दोहराई जाती है, तो इसकी पूरी जिम्मेदारी प्रशासन की होगी। संगठन ने इस मामले में सख्त कार्रवाई की मांग की है।