एआरबी टाइम्स ब्यूरो | कुल्लू
जलोड़ी जोत में इको-टूरिज्म गतिविधियों को सुदृढ़ बनाने तथा विभिन्न विकास कार्यों की समीक्षा के लिए हिमाचल प्रदेश वन विभाग के तत्वावधान में अधिकारियों और हितधारकों की एक महत्वपूर्ण बैठक आयोजित की गई।
बैठक में अरण्यपाल रामपुर मंडल सी.वी. तासीलदार, एसडीएम बंजार पंकज शर्मा, तहसीलदार आनी, जल शक्ति विभाग, वन विभाग, राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण के अधिकारी, इको-टूरिज्म सोसाइटी के प्रतिनिधि तथा स्थानीय हितधारकों ने भाग लिया। बैठक का संचालन डीएफओ आनी डॉ. चमन लाल राव ने किया।
बैठक के दौरान जलापूर्ति योजना, पार्किंग व्यवस्था, पर्यटक सूचना केंद्र की स्थापना, प्लास्टिक एवं अन्य कचरे के प्रबंधन तथा इको-टूरिज्म गतिविधियों की वर्तमान स्थिति की समीक्षा की गई। साथ ही जलोड़ी जोत में अवैध रूप से संचालित फूड वैन और रेहड़ी-फड़ी हटाने तथा सड़क किनारे घोषित नो-पार्किंग क्षेत्र को प्रभावी ढंग से लागू करने पर भी विस्तार से चर्चा हुई।
रघुपुर किले के विकास से जुड़े प्रस्तावों पर विचार करते हुए बेस कैंप में फूड पॉइंट, पर्यटक सूचना केंद्र और ई-टॉयलेट जैसी सुविधाएं विकसित करने की योजना पर चर्चा की गई। इसके अतिरिक्त अवैध शेड हटाने की प्रगति, पार्किंग व्यवस्था, रेन शेल्टर निर्माण तथा औषधीय एवं सुगंधित पौधों की प्रदर्शन नर्सरी विकसित करने जैसे विषयों पर भी मंथन हुआ।
जल शक्ति विभाग के अधिकारियों ने जानकारी दी कि आगामी 10 दिनों के भीतर जलोड़ी जोत में पेयजल सुविधा उपलब्ध करा दी जाएगी। वहीं एसडीएम बंजार पंकज शर्मा ने क्षेत्र में पर्यटकों और स्थानीय लोगों की सुविधा के लिए शीघ्र मोबाइल नेटवर्क सुविधा उपलब्ध करवाने का आश्वासन दिया।
बैठक में संबंधित विभागों को निर्देश दिए गए कि स्वच्छता, पर्यावरण संरक्षण और पर्यटन सुविधाओं के विकास के लिए आपसी समन्वय के साथ कार्य किया जाए, ताकि जलोड़ी जोत में इको-टूरिज्म का सतत, व्यवस्थित और पर्यावरण-अनुकूल विकास सुनिश्चित हो सके।
