एआरबी टाइम्स ब्यूरो | रामपुर बुशहर
रामपुर उपमंडल की ग्राम पंचायत कलेड़ा मझेवटी की पहली ग्राम सभा कई महत्वपूर्ण और दूरदर्शी निर्णयों के कारण ऐतिहासिक बन गई। ग्राम सभा में पंचायत क्षेत्र के समग्र विकास, जनहित, स्वच्छता, पर्यावरण संरक्षण, शिक्षा प्रोत्साहन और सामाजिक व्यवस्था को सुदृढ़ बनाने के उद्देश्य से कई अहम प्रस्ताव सर्वसम्मति से पारित किए गए। ग्राम सभा की अध्यक्षता पंचायत प्रधान अश्वनी शर्मा ने की। बैठक में पंचायत प्रतिनिधियों, ग्रामीणों तथा संबंधित विभागों के अधिकारियों एवं कर्मचारियों ने भाग लिया। शुरुआत में पिछली बैठक की कार्यवाही की पुष्टि की गई तथा पंचायत की त्रैमासिक आय-व्यय रिपोर्ट प्रस्तुत कर उस पर चर्चा की गई।
बैठक में स्वच्छ भारत मिशन, पंचायत क्षेत्र में संचालित विकास कार्यों, सामाजिक सुरक्षा पेंशन तथा सरकार की विभिन्न जनकल्याणकारी योजनाओं को पात्र लाभार्थियों तक प्रभावी ढंग से पहुंचाने पर विस्तार से विचार-विमर्श किया गया। साथ ही ग्राम पंचायत विकास योजना (GPDP) के अंतर्गत आगामी विकास कार्यों की प्राथमिकताएं भी तय की गईं।
बिना अनुमति फेरी और कबाड़ व्यापार पर रहेगी रोक
ग्राम सभा में निर्णय लिया गया कि पंचायत क्षेत्र में बिना पंचायत कार्यालय अथवा रामपुर पुलिस थाना की अनुमति के गांव-गांव घूमकर फेरी या कबाड़ का व्यापार करने की अनुमति नहीं होगी। सभी फेरी एवं कबाड़ विक्रेताओं को पहले आवश्यक जानकारी एवं आवेदन देकर अनुमति प्राप्त करनी होगी।
गौवंश छोड़ने वालों पर लगेगा ₹5000 का जुर्माना
गौवंश संरक्षण को प्राथमिकता देते हुए ग्राम सभा ने निर्णय लिया कि यदि कोई व्यक्ति वाहन के माध्यम से पंचायत क्षेत्र में गौवंश को बेसहारा छोड़ता हुआ पाया गया तो संबंधित वाहन मालिक पर ₹5,000 का जुर्माना लगाया जाएगा।
दुकानों पर डस्टबिन रखना अनिवार्य
स्वच्छता को बढ़ावा देने के लिए पंचायत क्षेत्र के सभी दुकानदारों एवं व्यापारियों के लिए दुकान पर डस्टबिन रखना और आसपास साफ-सफाई बनाए रखना अनिवार्य किया गया है। नियमों का उल्लंघन करने पर ₹500 तक का जुर्माना लगाया जाएगा।
टीडी के लिए पौधारोपण की अनिवार्यता
ग्राम सभा ने पर्यावरण संरक्षण को बढ़ावा देने के उद्देश्य से निर्णय लिया कि घर निर्माण के लिए टीडी (इमारती लकड़ी) का आवेदन करने वाले प्रत्येक आवेदक को वन विभाग द्वारा उपलब्ध कराए गए कम से कम तीन पौधे लगाकर छह माह तक उनकी देखभाल करनी होगी।
90 प्रतिशत से अधिक अंक लाने वाले विद्यार्थियों का होगा सम्मान
शिक्षा को प्रोत्साहित करने के लिए पंचायत ने निर्णय लिया कि पंचायत क्षेत्र का कोई भी विद्यार्थी यदि बोर्ड परीक्षा में 90 प्रतिशत या उससे अधिक अंक प्राप्त करता है तो उसे पंचायत की ओर से सम्मानित किया जाएगा।
ग्राम सभा में लिए गए इन निर्णयों को पंचायत क्षेत्र में अनुशासन, स्वच्छता, पर्यावरण संरक्षण, शिक्षा और जनभागीदारी आधारित विकास को नई दिशा देने वाली पहल माना जा रहा है। पंचायत प्रतिनिधियों ने उम्मीद जताई कि इन फैसलों से क्षेत्र में सकारात्मक बदलाव आएगा और ग्रामीणों की सहभागिता से विकास कार्यों को और गति मिलेगी।
