एआरबी टाइम्स ब्यूरो
किन्नौर। उपायुक्त कार्यालय किन्नौर के सम्मेलन कक्ष में आज अनुसूचित जाति/जनजाति अत्याचार निवारण अधिनियम-1989 के तहत गठित जिला स्तरीय सतर्कता एवं प्रबोधन समिति की त्रैमासिक बैठक आयोजित की गई, जिसकी अध्यक्षता उपायुक्त डॉ. अमित कुमार शर्मा ने की। बैठक में उपायुक्त ने गत बैठक में लिए गए निर्णयों का वर्तमान ब्यौरा मांगा और विभिन्न मुद्दों पर विस्तृत चर्चा की।
उपमंडल स्तर पर समितियों का गठन एवं बैठकें आयोजित करने के निर्देश
उपायुक्त डॉ. अमित कुमार शर्मा ने जिला के उपमंडल स्तर पर प्रबोधन एवं सतर्कता समितियों के गठन तथा नियमित बैठकों के आयोजन के निर्देश दिए। उन्होंने जिला प्रबोधन एवं सतर्कता समिति को सदस्य सचिव, जिला कल्याण अधिकारी के द्वारा आवश्यक सूचना प्रदान करने को कहा। साथ ही, अधिनियम के प्रति व्यापक प्रचार-प्रसार सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए ताकि वंचित वर्गों के अधिकारों का हनन रोका जा सके और उन्हें मुख्यधारा में शामिल किया जा सके।
पीड़ितों को वित्तीय सहायता एवं पंचायत स्तर पर जागरूकता शिविर
इस अवसर पर उपायुक्त ने तीन पीड़ितों को वित्तीय सहायता प्रदान की। साथ ही, पंचायत स्तर पर जागरूकता शिविर आयोजित करने पर बल दिया गया ताकि वंचित वर्ग अपने संवैधानिक अधिकारों के प्रति जागरूक हो सकें और राज्य सरकार की सर्वस्पर्शी योजनाओं का लाभ प्राप्त कर सकें।
जनजातीय जिला किन्नौर में समितियों का गठन
डॉ. अमित कुमार शर्मा ने बताया कि जनजातीय जिला किन्नौर के तीन उपमंडलों में अनुसूचित जाति/जनजाति अत्याचार निवारण अधिनियम-1989 के तहत समितियां गठित की जाएंगी। इससे उपेक्षित वर्गों को सशक्त बनाकर विकास की मुख्यधारा में शामिल किया जाएगा तथा उन्हें विभिन्न योजनाओं का लाभ मिलेगा।
बैठक का संचालन एवं सहभागिता
बैठक का संचालन जिला कल्याण अधिकारी नितिन राणा ने किया और जनजातीय जिला किन्नौर में कल्याण विभाग की विभिन्न गतिविधियों से उपायुक्त को अवगत करवाया। बैठक में पुलिस अधीक्षक किन्नौर अभिषेक शेखर, कार्यकारी मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. राकेश गोयल, उपनिदेशक प्रारम्भिक शिक्षा डॉ. अरूण गौतम, उपनिदेशक उच्च शिक्षा डॉ. कुलदीप सिंह डोगरा सहित अन्य अधिकारीगण एवं कर्मचारी उपस्थित थे।
