एआरबी टाइम्स ब्यूरो, रामपुर बुशहर
ननखड़ी तहसील की ग्राम पंचायत देलठ और करांगला के विभिन्न गांवों को सिंचाई सुविधा उपलब्ध करवाने के उद्देश्य से चूबर खड्ड से देलठ-करांगला तक प्रस्तावित उठाऊ सिंचाई योजना का करीब 95 प्रतिशत कार्य पूरा हो चुका है। योजना के शेष कार्य को पूरा करने और इसे सुचारू रूप से संचालित करने के लिए अब अतिरिक्त धनराशि की आवश्यकता है।
जल शक्ति विभाग के अनुसार योजना को 1180.86 लाख रुपये की लागत से प्रशासनिक स्वीकृति एवं व्यय स्वीकृति 2 सितंबर 2021 को अतिरिक्त मुख्य सचिव, जल शक्ति विभाग की ओर से प्रदान की गई थी। इसके बाद मुख्य अभियंता, दक्षिण क्षेत्र शिमला द्वारा 16 दिसंबर 2021 को 1025.13 लाख रुपये की तकनीकी स्वीकृति दी गई।
योजना के तहत हेडवियर, 55 संपवेल एवं स्टोरेज टैंक, प्रथम और द्वितीय चरण के दो पंप हाउस, 110 एंकर एवं थ्रस्ट ब्लॉक तथा दोनों चरणों की चार पंपिंग मशीनरी का निर्माण पूरा किया जा चुका है। इसके अलावा 4650 रनिंग मीटर एमएसईआरडब्ल्यू राइजिंग मेन का कार्य भी पूरा हो चुका है।
विभाग के मुताबिक फीडर पाइप और वितरण प्रणाली का करीब 90 प्रतिशत कार्य पूरा हो गया है। योजना के प्रथम चरण का एसओपी कार्य भी पूरा है, जबकि द्वितीय चरण का एसओपी कार्य अभी शुरू नहीं हो पाया है।
बिजली कनेक्शन के लिए 11 लाख रुपये जरूरी
योजना के प्रथम चरण का कार्य पूरा होने के बावजूद विद्युत कनेक्शन उपलब्ध न होने के कारण इसे अभी तक चालू नहीं किया जा सका है। प्रथम चरण के लिए विद्युत कनेक्शन जारी करवाने हेतु हिमाचल प्रदेश राज्य विद्युत बोर्ड लिमिटेड में 11 लाख रुपये जमा करवाना आवश्यक है। वहीं, द्वितीय चरण में विद्युत आपूर्ति सुनिश्चित करने के लिए 35 लाख रुपये अतिरिक्त जमा करवाने होंगे।
जल शक्ति विभाग रामपुर के अधिशासी अभियंता किशोर शर्मा ने बताया कि प्रथम चरण को शुरू करने के लिए विद्युत कनेक्शन जरूरी है और इसके लिए 11 लाख रुपये की राशि विद्युत बोर्ड में जमा करवानी होगी। धनराशि उपलब्ध न होने के कारण योजना का प्रथम चरण अभी शुरू नहीं हो पाया है। उन्होंने बताया कि पूरी योजना को पूर्ण करने के लिए करीब 150 लाख रुपये की अतिरिक्त धनराशि की तत्काल आवश्यकता है। इसमें 115 लाख रुपये ठेकेदार की देनदारी के भुगतान तथा 35 लाख रुपये द्वितीय चरण की विद्युत आपूर्ति के लिए विद्युत बोर्ड में जमा करवाने के लिए आवश्यक हैं।
