एआरबी टाइम्स ब्यूरो, रामपुर बुशहर
रामपुर और ननखड़ी क्षेत्र में ग्रामीण बुनियादी सुविधाओं को बेहतर बनाने के लिए जिला प्रशासन शिमला ने वित्त वर्ष 2026-27 के तहत राज्य आपदा प्रतिक्रिया कोष (एसडीआरएफ) से विभिन्न विकास कार्यों को मंजूरी प्रदान की है। इन स्वीकृतियों के तहत ननखड़ी क्षेत्र में 72 कार्यों के लिए 83 लाख 25 हजार 750 रुपये निर्धारित किए गए हैं। वहीं, रामपुर में खंड विकास अधिकारी के माध्यम से सात कार्यों के लिए 3 लाख 51 हजार रुपये और लोक निर्माण विभाग के तहत सात सड़क मरम्मत कार्यों के लिए 14 लाख 15 हजार 500 रुपये स्वीकृत हुए हैं।

ननखड़ी में 72 कार्यों पर खर्च होंगे 83.25 लाख
ननखड़ी विकास खंड में स्वीकृत योजनाओं के तहत ग्रामीण संपर्क मार्गों की मरम्मत, सरकारी प्राथमिक स्कूलों के भवनों का सुधार, महिला मंडल भवनों और आंगनबाड़ी केंद्रों की मरम्मत सहित जल निकासी व्यवस्था को बेहतर बनाने जैसे कार्य किए जाएंगे। इन योजनाओं को खंड विकास अधिकारी ननखड़ी के माध्यम से धरातल पर उतारा जाएगा। इन कार्यों का उद्देश्य ग्रामीण क्षेत्रों में बुनियादी सुविधाओं को मजबूत करना और स्थानीय लोगों को बेहतर आवागमन की सुविधा उपलब्ध करवाना है।
रामपुर में पंचायत क्षेत्रों के संपर्क मार्ग होंगे दुरुस्त
रामपुर विकास खंड में सात विकास कार्यों के लिए 3 लाख 51 हजार रुपये की स्वीकृति दी गई है। खंड विकास अधिकारी के माध्यम से देवठी, कूट, मुनीष और नरैण पंचायत क्षेत्रों में संपर्क मार्गों की मरम्मत के कार्य करवाए जाएंगे। इसके अतिरिक्त कूट पंचायत के अंतर्गत राजकीय प्राथमिक पाठशाला सुरू के भवन की मरम्मत के लिए 50 हजार रुपये स्वीकृत किए गए हैं।
लोक निर्माण विभाग को सड़क मरम्मत के लिए 14.15 लाख
रामपुर लोक निर्माण विभाग के माध्यम से सात सड़क मरम्मत कार्यों पर 14 लाख 15 हजार 500 रुपये खर्च किए जाएंगे। इनमें नोगली पावर हाउस से टनसेरी, कलना, बतूना और खखरोला सड़क की मरम्मत के लिए 4 लाख 30 हजार रुपये की मंजूरी शामिल है। इसके अलावा कुमसू से मतरेवल और नोगली से खखरोला सहित अन्य संपर्क मार्गों की मरम्मत के लिए भी बजट स्वीकृत किया गया है।
निर्धारित मानकों के अनुसार पूरे करने होंगे कार्य
जिला प्रशासन ने स्वीकृत विकास कार्यों को निर्धारित प्राक्कलन और तकनीकी मानकों के अनुरूप पूरा करने के निर्देश दिए हैं। संबंधित विभागों और कार्यान्वयन एजेंसियों को आवश्यक अनापत्ति प्रमाणपत्र (एनओसी), निजी भूमि से जुड़े मामलों में सहमति तथा अन्य औपचारिकताएं पूरी करनी होंगी। साथ ही, कार्यों की प्रगति रिपोर्ट भी निर्धारित समय पर प्रस्तुत करना अनिवार्य होगा।
