एआरबी टाइम्स ब्यूरो, कुल्लू
उपायुक्त डॉ. अमित कुमार शर्मा ने अधिकारियों को जिला में संचालित सभी विकासात्मक योजनाओं और कार्यों को निर्धारित समय सीमा में पूरा करने के निर्देश दिए हैं। उन्होंने कहा कि विकास कार्यों के लिए स्वीकृत बजट का समय पर सदुपयोग सुनिश्चित किया जाए और कोई भी धनराशि बिना उपयोग के लंबित न रहे।
उपायुक्त की अध्यक्षता में बहुउद्देश्यीय भवन में ग्रामीण विकास एवं पंचायती राज विभाग सहित विभिन्न विभागों की योजनाओं की प्रगति की समीक्षा के लिए बैठक आयोजित की गई। इस दौरान योजनाओं की वित्तीय स्थिति, निर्धारित लक्ष्यों और कार्यों के निष्पादन पर विस्तृत चर्चा हुई। उन्होंने खंड विकास अधिकारियों को कार्यों में तेजी लाने और उपयोगिता प्रमाण पत्र (यूसीसी) समय पर प्रस्तुत करने के निर्देश दिए।
बैठक में प्रधानमंत्री आदर्श ग्राम योजना, आंगनबाड़ी केंद्रों में शौचालयों की मरम्मत एवं निर्माण तथा नवगठित पंचायतों की परिसंपत्तियों और देनदारियों के विभाजन की समीक्षा की गई। उन्होंने सभी नवगठित पंचायतों के लिए फर्नीचर खरीदने को 50 हजार रुपये की स्वीकृति दिए जाने की जानकारी भी दी।
उपायुक्त ने ई-परिवार सत्यापन, 16वें वित्त आयोग के तहत पंचायतों का पीएफएमएस पोर्टल पर पंजीकरण तथा समर्थ पोर्टल पर पंचायतों की आय ऑनलाइन दर्ज करने का कार्य शीघ्र पूरा करने को कहा।
प्रधानमंत्री आवास योजना (ग्रामीण) के तहत बैठक में बताया गया कि 2012 लाभार्थियों को पहली किस्त जारी की जा चुकी है। इनमें से 1344 आवास पूरे हो चुके हैं, जबकि 668 का निर्माण जारी है। विशेष परियोजना के तहत स्वीकृत 431 आवासों के निर्माण में भी तेजी लाने के निर्देश दिए गए।
विकसित भारत-जी राम जी योजना के तहत ग्रामीण क्षेत्रों में रोजगार के अधिक अवसर सृजित करने और किसी भी पंचायत में शून्य मस्टररोल की स्थिति न रहने देने को कहा गया। वहीं, राष्ट्रीय ग्रामीण आजीविका मिशन के तहत 18.84 करोड़ रुपये का निर्धारित लक्ष्य हासिल करने तथा स्वयं सहायता समूहों की गतिविधियों को बढ़ावा देने पर जोर दिया।
बैठक में ग्रामीण स्वच्छता, ठोस एवं तरल कचरा प्रबंधन, सामुदायिक शौचालयों और कचरा पृथक्करण इकाइयों की प्रगति की भी समीक्षा की गई। उपायुक्त ने लंबित जांच और रिकवरी मामलों का शीघ्र निपटारा करने तथा विकास कार्यों की नियमित निगरानी सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।
इस अवसर पर एडीएम सुरजीत राठौर सहित ग्रामीण विकास एवं पंचायती राज विभाग और अन्य संबंधित विभागों के अधिकारी उपस्थित रहे।
