एआरबी टाइम्स ब्यूरो, चंडीगढ़
एनएचपीसी लिमिटेड के क्षेत्रीय कार्यालय चंडीगढ़ में कार्यपालक निदेशक आदित्य गौतम के मार्गदर्शन में कार्मिकों के लिए साइबर सुरक्षा विषय पर एक दिवसीय प्रशिक्षण कार्यक्रम आयोजित किया गया। राष्ट्रीय इलेक्ट्रॉनिकी एवं सूचना प्रौद्योगिकी संस्थान (NIELIT), रोपड़ के सहयोग से आयोजित इस कार्यक्रम का उद्देश्य कर्मचारियों को साइबर खतरों के प्रति जागरूक करना तथा ऑनलाइन धोखाधड़ी से बचाव के व्यावहारिक उपायों की जानकारी देना था।
प्रशिक्षण के दौरान प्रतिभागियों को फर्जी वेबसाइटों, संदिग्ध लिंक और नकली मोबाइल ऐप के माध्यम से होने वाली साइबर धोखाधड़ी के विभिन्न तरीकों के बारे में विस्तार से जानकारी दी गई। उन्हें बताया गया कि साइबर ठग बैंकिंग विवरण, पासवर्ड और अन्य व्यक्तिगत जानकारियां चुराकर लोगों को आर्थिक नुकसान पहुंचा सकते हैं। ऐसे में डिजिटल माध्यमों का इस्तेमाल करते समय सतर्कता बरतना बेहद जरूरी है।
कार्यक्रम में साइबर धोखाधड़ी से बचने के लिए छह प्रमुख सावधानियों पर विशेष जोर दिया गया। इनमें वेबसाइट के यूआरएल की सावधानीपूर्वक जांच करना, असामान्य रूप से सस्ते ऑफर और जल्दबाजी में भुगतान करने के दबाव से बचना, मोबाइल ऐप को अनावश्यक अनुमतियां न देना, ऐप की रेटिंग और डेवलपर की जानकारी जांचना, केवल आधिकारिक वेबसाइटों से ऐप डाउनलोड करना तथा एंड्रॉइड मोबाइल में Google Play Protect को सक्रिय रखना शामिल रहा।
प्रतिभागियों को यह भी बताया गया कि किसी वेबसाइट पर HTTPS या ताले का चिह्न होना उसकी पूर्ण सुरक्षा की गारंटी नहीं है। इसके साथ ही, ओटीपी (OTP), यूपीआई पिन (UPI PIN) और बैंकिंग पासवर्ड जैसी गोपनीय जानकारियां किसी के साथ साझा न करने की सलाह दी गई।
प्रशिक्षण कार्यक्रम के माध्यम से कर्मचारियों को सुरक्षित डिजिटल व्यवहार अपनाने तथा व्यक्तिगत और संगठनात्मक सूचनाओं की सुरक्षा के प्रति जिम्मेदार रहने का संदेश दिया गया। साथ ही, साइबर खतरों की पहचान करने और ऑनलाइन धोखाधड़ी से बचने के लिए आवश्यक सावधानियों को दैनिक कार्यप्रणाली का हिस्सा बनाने पर बल दिया गया।
एनएचपीसी लिमिटेड द्वारा इस प्रकार की प्रशिक्षण पहलों के माध्यम से कर्मचारियों की क्षमता निर्माण, डिजिटल जागरूकता और सूचना सुरक्षा को मजबूत करने के निरंतर प्रयास किए जा रहे हैं।
