एआरबी टाइम्स ब्यूरो, शिमला
राजकीय महाविद्यालय चायल-कोटी में दो दिवसीय अंतर महाविद्यालय जूडो प्रतियोगिता का शुभारंभ सोमवार को हुआ। ग्रामीण विकास एवं पंचायती राज मंत्री अनिरुद्ध सिंह ने प्रतियोगिता का शुभारंभ बतौर मुख्यातिथि किया। इस अवसर पर उन्होंने हिमाचल प्रदेश के विभिन्न महाविद्यालयों से पहुंचे जूडो खिलाड़ियों को बधाई एवं शुभकामनाएं दीं। उन्होंने कहा कि जूडो महज एक खेल नहीं, बल्कि अनुशासन और आत्मसंयम की कला है। युवाओं में इस मार्शल आर्ट के प्रति रुचि लगातार बढ़ रही है। उन्होंने खिलाड़ियों से खेल भावना के साथ प्रतियोगिता में भाग लेने का आह्वान किया।
अनिरुद्ध सिंह ने कहा कि करीब एक दशक पहले इस क्षेत्र में कोई महाविद्यालय नहीं था। स्थानीय प्रतिनिधियों और सरकार के प्रयासों से यहां आधुनिक सुविधाओं से युक्त महाविद्यालय स्थापित किया गया है। उन्होंने महाविद्यालय प्रबंधन, अभिभावकों और विद्यार्थियों से अधिक से अधिक बच्चों का दाखिला करवाने तथा शिक्षा की गुणवत्ता बनाए रखने का आग्रह किया। उन्होंने कहा कि महाविद्यालय की लगभग सभी मांगों को पूरा किया जा चुका है। प्रवक्ता और सहायक प्रवक्ता के रिक्त पदों को भी शीघ्र भरा जाएगा। उन्होंने जूडो प्रतियोगिता के सफल आयोजन के लिए महाविद्यालय प्रबंधन को 50 हजार रुपये देने की घोषणा की।
महाविद्यालय की प्राचार्य डॉ. दीपशिखा भारद्वाज ने मुख्यातिथि का स्वागत किया। उन्होंने कहा कि महाविद्यालय के लिए अंतर महाविद्यालय जूडो प्रतियोगिता की मेजबानी करना गर्व की बात है। प्रतियोगिता में प्रदेश के विभिन्न महाविद्यालयों से खिलाड़ी पहुंचे हैं। पुरुष वर्ग में 18 टीमें और महिला वर्ग में 13 टीमें हिस्सा ले रही हैं।
प्रतियोगिता के शुभारंभ अवसर पर जिला परिषद सदस्य ओम प्रकाश ठाकुर, बीडीसी सदस्य हेमावती, मंडल कांग्रेस अध्यक्ष कसुम्पटी अशोक ठाकुर, जूडो प्रतियोगिता पर्यवेक्षक डॉ. सतीश शर्मा, विश्वविद्यालय के तकनीकी विशेषज्ञ उत्तम दत्त, डीएस चंदेल, संजय कुमार, नवेश कुमार, पंकज शर्मा, वीरेंद्र धौल्टा, जूडो संघ के सचिव हरिंदर ठाकुर, ग्राम पंचायत कोटी प्रधान प्रतिभा शर्मा, सतलाई प्रधान जय सिंह, ब्रांडी-पदेची प्रधान कांता ठाकुर, पूर्व प्रधान कोटी बलदेव पुरी, पूर्व प्रधान दिनेश झागटा, बीडीओ मशोबरा अंकित कोटिया सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी, महाविद्यालयों से आए खिलाड़ी और अन्य गणमान्य लोग उपस्थित रहे।
