एआरबी टाइम्स ब्यूरो, शिमला | हिमाचल प्रदेश सरकार के खिलाफ भाजपा ने अपने राजनीतिक अभियान को तेज करते हुए दो प्रमुख समितियों चार्जशीट समिति और जन आंदोलन समिति का गठन किया है। भाजपा ने सरकार की विफलताओं, वादाखिलाफी, भ्रष्टाचार और जनविरोधी नीतियों को मुद्दा बनाकर प्रदेशव्यापी व्यापक जनसंपर्क और आंदोलन छेड़ने की पूरी रणनीति तैयार कर ली है।
भाजपा की नवगठित चार्जशीट समिति कांग्रेस सरकार के अब तक के कार्यकाल का विस्तृत मूल्यांकन करेगी और उसकी कथित नाकामियों, भ्रष्टाचार व अधूरे वादों का एक आधिकारिक दस्तावेज तैयार कर जनता के सामने रखेगी। भाजपा प्रदेश अध्यक्ष डॉ. राजीव बिंदल ने आरोप लगाया कि कांग्रेस सरकार ने चुनावी वादों को पूरा करने के बजाय प्रदेश को आर्थिक और प्रशासनिक संकट में धकेला है। इस उच्च स्तरीय समिति में डॉ. राजीव बिंदल (प्रदेश अध्यक्ष), जयराम ठाकुर (नेता प्रतिपक्ष), अनुराग ठाकुर (सांसद), हर्ष महाजन (राज्यसभा सांसद) और प्रो. सिकंदर कुमार, विधायक सतपाल सिंह सत्ती, रणधीर शर्मा, विक्रम ठाकुर, सुधीर शर्मा, बलवीर वर्मा, त्रिलोक जमवाल, प्रदेश महामंत्री पायल वैद्य और वरिष्ठ प्रवक्ता राजेंद्र राणा आदि शामिल हैं।
जन आंदोलन समिति में कंगना रनौत सहित ये शामिल
सड़कों पर सरकार के खिलाफ धरना-प्रदर्शन, जनसभाओं और आंदोलनों की रणनीति तैयार करने के लिए जन आंदोलन समिति मैदान संभालेगी। यह समिति प्रदेश के प्रत्येक गांव और घर-घर तक पहुंचकर सरकार की विफलताओं को उजागर करेगी। इस समिति में डॉ. राजीव बिंदल, जयराम ठाकुर, सांसद सुरेश कश्यप, डॉ. राजीव भारद्वाज, मंडी की सांसद कंगना रनौत, विधायक विपिन सिंह परमार, पवन काजल, विनोद कुमार, बिहारी लाल शर्मा, राकेश जमवाल, पूर्व मंत्री गोविंद सिंह ठाकुर, डॉ. राजीव सैजल, रश्मिधर सूद शामिल हैं।
