एआरबी टाइम्स ब्यूरो, रामपुर बुशहर
प्रदेश सरकार में लोक निर्माण एवं शहरी विकास मंत्री विक्रमादित्य सिंह ने 15 जुलाई को रामपुर-खड़ाहण-कोटाधार-खोलीघाट मार्ग पर गरटोला के समीप हुई हिमाचल पथ परिवहन निगम की बस दुर्घटना में घायल लोगों का महात्मा गांधी सेवा चिकित्सालय, रामपुर पहुंचकर कुशलक्षेम जाना। उन्होंने उपचाराधीन घायलों से मुलाकात कर उनके स्वास्थ्य की जानकारी ली और उनके शीघ्र स्वस्थ होने की कामना की। दुर्घटना में जान गंवाने वाले तीन लोगों के निधन पर गहरा शोक व्यक्त करते हुए शोक संतप्त परिवारों के प्रति संवेदना प्रकट की और दिवंगत आत्माओं की शांति के लिए प्रार्थना की।
मंत्री ने अस्पताल में चिकित्सकों से घायलों को उपलब्ध कराई जा रही स्वास्थ्य सुविधाओं की विस्तृत जानकारी ली तथा सभी घायलों को बेहतर और समुचित उपचार उपलब्ध कराने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि प्रदेश सरकार दुर्घटना से प्रभावित सभी परिवारों के साथ मजबूती से खड़ी है और उपचार में किसी भी प्रकार की कमी नहीं आने दी जाएगी।
इस दौरान घायलों के परिजनों ने मंत्री के समक्ष ननखड़ी क्षेत्र में पुरानी और जर्जर बसों के स्थान पर नई एवं सुरक्षित बसें उपलब्ध कराने की मांग उठाई। उनका कहना था कि नई बसों से यात्रियों की सुरक्षा बढ़ेगी और भविष्य में इस प्रकार की दुर्घटनाओं की आशंका कम होगी। इस पर मंत्री ने आश्वासन दिया कि वह इस विषय पर मुख्यमंत्री और उपमुख्यमंत्री से चर्चा करेंगे तथा रामपुर उपमंडल के लिए इलेक्ट्रिक बसों की व्यवस्था का मामला संबंधित विभाग के समक्ष उठाएंगे।
घायल रमेश चौहान और उनके परिजनों ने ननखड़ी क्षेत्र की बदहाल सड़कों और परिवहन व्यवस्था का मुद्दा भी मंत्री के समक्ष रखा। उन्होंने बताया कि ननखड़ी रूट पर अक्सर जर्जर बसें भेजी जाती हैं, जबकि क्षेत्र की अधिकांश सड़कें भी खराब हालत में हैं। सेब सीजन शुरू होने वाला है, ऐसे में सुरक्षित और बेहतर परिवहन व्यवस्था सुनिश्चित करना अत्यंत आवश्यक है।
गौरतलब है कि 15 जुलाई को रामपुर-खड़ाहण-कोटाधार-खोलीघाट मार्ग पर गरटोला के समीप एचआरटीसी की बस (एचपी 06ए 6454) दुर्घटनाग्रस्त हो गई थी। बस में 24 यात्री सवार थे, जिनमें तीन लोगों की मौत हो गई, जबकि अन्य घायलों का उपचार महात्मा गांधी सेवा चिकित्सालय, रामपुर में जारी है।
इस अवसर पर नायब तहसीलदार रामपुर सुरेश नेगी, ब्लॉक कांग्रेस अध्यक्ष लाल चंद शर्मा, पार्टी के अन्य पदाधिकारी तथा प्रशासनिक अधिकारी भी उपस्थित रहे।
