एआरबी टाइम्स ब्यूरो, शिमला
शिक्षा मंत्री रोहित ठाकुर ने मंगलवार को जुब्बल उपमंडल के दूरदराज खनाशनी क्षेत्र का दौरा कर 15 करोड़ रुपये से अधिक की विभिन्न विकासात्मक परियोजनाओं के उद्घाटन और शिलान्यास किए। इस दौरान उन्होंने क्षेत्र की सड़क एवं संपर्क मार्गों से जुड़ी कई महत्वपूर्ण परियोजनाओं का शुभारंभ किया। शिक्षा मंत्री ने 5 करोड़ 58 लाख रुपये की लागत से उन्नत होने वाली क्वालटा संपर्क सड़क के कार्य का भूमि पूजन किया। इसी मार्ग पर 2 करोड़ 10 लाख रुपये की लागत से नवनिर्मित पुल का लोकार्पण भी किया। उन्होंने कहा कि इस पुल का निर्माण तीन वर्ष से भी कम समय में पूरा किया गया, जो एक बड़ी उपलब्धि है।
इसके अतिरिक्त रोहित ठाकुर ने 6 करोड़ 99 लाख रुपये की लागत से धानसर संपर्क मार्ग के उन्नयन कार्य का भूमिपूजन किया। इसके बाद ग्राम पंचायत झालटा के अंतर्गत लगभग 88 लाख रुपये की लागत से बनने वाले हरोट संपर्क मार्ग का भी भूमिपूजन किया।
अपने प्रवास के अंतिम चरण में शिक्षा मंत्री ने धानसर में स्वर्गीय विजय सिंह ठाकुर एवं स्वर्गीय अनिल चौहान मेमोरियल वॉलीबॉल खेलकूद प्रतियोगिता के उद्घाटन समारोह में मुख्य अतिथि के रूप में शिरकत की। इस दौरान उन्होंने स्थानीय युवक मंडल को 50 हजार रुपये देने की घोषणा भी की।
खनाशनी क्षेत्र से भावनात्मक संबंध
रोहित ठाकुर ने कहा कि खनाशनी क्षेत्र उनके विधानसभा क्षेत्र का महत्वपूर्ण हिस्सा है और इस पूरे क्षेत्र के साथ उनका पारिवारिक एवं भावनात्मक संबंध है। उन्होंने कहा कि इस संबंध की नींव पूर्व मुख्यमंत्री ठाकुर रामलाल ने रखी थी। ठाकुर रामलाल की प्रदेश के विकास के प्रति सकारात्मक सोच थी और उनका मानना था कि पहाड़ों के विकास में सड़कों की महत्वपूर्ण भूमिका है।
उन्होंने कहा कि सड़कें न केवल दूरदराज के क्षेत्रों को मुख्यधारा से जोड़ती हैं, बल्कि सेब बहुल क्षेत्रों में बागवानों के लिए भी इनका विशेष महत्व है। बेहतर सड़क संपर्क से किसान-बागवान अपनी फसल समय पर मंडियों तक पहुंचा सकते हैं और अपनी आर्थिक स्थिति को मजबूत कर सकते हैं।
उन्होंने बताया कि इसी दृष्टिकोण के तहत पिछले वर्ष क्षेत्र की सबसे दूरस्थ और सीमावर्ती धानसर-शिलोली सड़क का निर्माण किया गया। यह सड़क स्थानीय लोगों के लिए महत्वपूर्ण होने के साथ-साथ सीमावर्ती उत्तराखंड राज्य के कोठीगाड़ क्षेत्र की किराणु और दुचाणु पंचायतों को भी लाभ पहुंचाएगी। इसके अतिरिक्त खनाशनी क्षेत्र में 15 अन्य सड़कों की पासिंग भी हुई है।
सेब सीजन को लेकर विभागों को तैयार रहने के निर्देश
शिक्षा मंत्री ने कहा कि पिछले वर्ष मानसून के दौरान अत्यधिक बारिश के कारण खनाशनी क्षेत्र में सड़कों को भारी नुकसान पहुंचा था। इसके बावजूद सेब सीजन को देखते हुए सड़कों की युद्धस्तर पर बहाली की गई, ताकि बागवानों की फसल समय पर मंडियों तक पहुंचाई जा सके।
उन्होंने कहा कि इस वर्ष के सेब सीजन को देखते हुए लोक निर्माण विभाग सहित अन्य संबंधित विभागों को आवश्यक तैयारियां दुरुस्त रखने के स्पष्ट निर्देश दिए गए हैं, ताकि बागवानों को किसी प्रकार की परेशानी का सामना न करना पड़े। इस दौरान शिक्षा मंत्री ने ग्रामीणों से संवाद भी किया और उनकी समस्याएं सुनीं। उन्होंने संबंधित अधिकारियों को समस्याओं के समाधान के निर्देश देते हुए ग्रामीणों को त्वरित निदान का आश्वासन दिया।
इस अवसर पर जुब्बल-कोटखाई-नावर कांग्रेस मंडल अध्यक्ष जितेंद्र मेहता, जिला परिषद सदस्य सरस्वती नगर नेहा मेहता, पंचायत समिति उपाध्यक्ष लोकपाल शरखोली, पूर्व पंचायत समिति उपाध्यक्ष संदीप सेहटा, युवा कांग्रेस अध्यक्ष दीपक काल्टा, ग्राम पंचायत गिलटाड़ी की प्रधान संजना कुमारी, उपप्रधान हीरानंद, पंचायत समिति सदस्य महीप चंगेटा सहित आसपास की पंचायतों के जनप्रतिनिधि, विभिन्न विभागों के अधिकारी और कांग्रेस कार्यकर्ता मौजूद रहे।
