एआरबी टाइम्स ब्यूरो, रामपुर बुशहर
मुख्यमंत्री ठाकुर सुखविंद्र सिंह सुक्खू ने कहा कि प्रदेश सरकार ग्रामीण अर्थव्यवस्था को मजबूत करने और गांवों के लोगों की आय बढ़ाने पर विशेष ध्यान दे रही है। सरकार का लक्ष्य ग्रामीण क्षेत्रों में आर्थिक गतिविधियों को बढ़ावा देकर पैसा सीधे गांवों की अर्थव्यवस्था तक पहुंचाना है। उन्होंने कहा कि प्रदेश के सभी क्षेत्रों का समान और संतुलित विकास सुनिश्चित किया जा रहा है।
मुख्यमंत्री शुक्रवार को रामपुर के शिंगला हेलीपैड में आयोजित कार्यक्रम को संबोधित कर रहे थे। इस दौरान उन्होंने रामपुर विधानसभा क्षेत्र के लिए 232.93 करोड़ रुपये की लागत वाली 28 विकास परियोजनाओं के उद्घाटन और शिलान्यास किए।
मुख्यमंत्री ने कहा कि कांग्रेस सरकार के सत्ता में आने के समय दूध का खरीद मूल्य 32 रुपये प्रति लीटर था, जिसे अब बढ़ाकर लगभग दोगुना किया गया है। इससे किसानों और पशुपालकों की आय में वृद्धि हुई है। उन्होंने कहा कि बागवानों और किसानों की आर्थिक स्थिति मजबूत करने के लिए सरकार लगातार कदम उठा रही है। मंडी मध्यस्थता योजना के तहत सेब का खरीद मूल्य भी एक रुपये प्रति किलोग्राम बढ़ाकर 13 रुपये किया गया है।
उन्होंने कहा कि टिक्कर-जरोल-गाहन-ननखड़ी-खमाड़ी सड़क के उन्नयन के लिए 35.93 करोड़ रुपये स्वीकृत किए गए हैं। सड़क के बेहतर होने से क्षेत्र के सेब बागवानों को अपनी उपज मंडियों तक पहुंचाने में सुविधा मिलेगी। मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को सड़क निर्माण कार्य में गुणवत्ता से किसी भी प्रकार का समझौता न करने के निर्देश दिए।

28 विकास परियोजनाओं का उद्घाटन और शिलान्यास
मुख्यमंत्री ने ग्राम पंचायत भड़ावली में 4.83 करोड़ रुपये की उठाऊ पेयजल आपूर्ति योजना, रामपुर के वार्ड नंबर-8 डकोलड़ में 8.36 करोड़ रुपये की सीवरेज प्रणाली, देवनगर में 2.56 करोड़ रुपये की प्रवाह सिंचाई योजना, खनेरी में एमजीएमएससी अस्पताल को मौजूदा सीवरेज योजना से जोड़ने के लिए 71 लाख रुपये की सीवरेज कनेक्टिविटी, देलठ में 2.56 करोड़ रुपये के प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र भवन और गानवी खड्ड पर 1.84 करोड़ रुपये की लागत से निर्मित बैली ब्रिज का लोकार्पण किया।
इसके अलावा मुख्यमंत्री ने अस्पताल कॉलोनी से सरलाप्रोग सड़क, कोटला-कुन्नी, राजपुरा-दरशाल, उरू से धार, सवान-दोई, सेरी पुल-अणुराक्षी, पलजारा-गिन्छा-पेई, कूट-किन्फी, पटैना-कैंची से दारन घाटी, मंगलाड़ पुल से गांव रूनपू, मोलगी संपर्क सड़क, रुंगचा-धारला, दलोग-चाश्नी-मड़ोग, ढाई-बरकेली, चड़ी से ढरण, चकटी-थैली, चेबड़ी से नगालनी, लाहरू से खरेला, एरली-मझेवटी तथा लबाना-सदाना, भगावत से धोआ और फांचा से फांचा कंडा तक सड़क निर्माण एवं उन्नयन कार्यों का भूमि पूजन किया।
किशाऊ बांध से हिमाचल को लाभ की उम्मीद
मुख्यमंत्री ने कहा कि हाल ही में किशाऊ बांध परियोजना में हिमाचल प्रदेश के हितों की बड़ी जीत सुनिश्चित की गई है। परियोजना के निर्माण के बाद हिमाचल प्रदेश को प्रतिवर्ष करीब 1,200 से 1,500 करोड़ रुपये का लाभ होने की उम्मीद है। उन्होंने कहा कि प्रदेश के खजाने में पर्याप्त राजस्व आने से बेहतर स्कूल, स्वास्थ्य संस्थान और अन्य आवश्यक सुविधाओं का विकास किया जा सकेगा।
उन्होंने कहा कि वह रामपुर विधानसभा क्षेत्र के पाट गांव में आयोजित ‘सरकार गांव के द्वार’ कार्यक्रम में भी शामिल होंगे और ग्रामीणों से सीधा संवाद कर उनकी समस्याएं सुनेंगे। ग्रामीणों से प्राप्त सुझावों और समस्याओं के आधार पर आवश्यक योजनाओं को बजट में शामिल किया जाएगा।
रामपुर पहुंचने पर मुख्यमंत्री का स्थानीय लोगों ने स्वागत किया। इस अवसर पर विधायक नंदलाल, मिल्कफेड के चेयरमैन बुद्धि सिंह ठाकुर, हिमकॉन के चेयरमैन विकेश चौहान, हिमाचल प्रदेश भवन एवं अन्य सन्निर्माण कामगार कल्याण बोर्ड के अध्यक्ष नरदेव सिंह कंवर, पूर्व विधायक किशोरीलाल, उपायुक्त अनुभव कश्यप, पुलिस अधीक्षक गौरव सिंह सहित अन्य गणमान्य व्यक्ति उपस्थित रहे।
