एआरबी टाइम्स ब्यूरो, रामपुर बुशहर
रामपुर एचपीएस की ओर से स्वच्छता ही सेवा (SHS) अभियान-2026 के तहत शुक्रवार को राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय नोगली में विद्यार्थियों के लिए स्वच्छता, कचरा पृथक्करण, अपशिष्ट प्रबंधन और जल संरक्षण विषय पर जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किया गया। कार्यक्रम का आयोजन विद्युत मंत्रालय एवं निगमित कार्यालय के निर्देशों के तहत किया गया।
ई. विकास मारवाह, परियोजना प्रमुख, रामपुर एचपीएस के दिशानिर्देशाें में आयोजित कार्यक्रम में नगर परिषद रामपुर के सहयोग से विद्यार्थियों को एसडब्ल्यूएम नियम, 2026, स्रोत पर चार-स्तरीय कचरा पृथक्करण, तरल अपशिष्ट प्रबंधन और जल संरक्षण की जानकारी दी गई। नगर परिषद की तीन सदस्यीय टीम ने विद्यार्थियों को कचरे के उचित प्रबंधन के विभिन्न पहलुओं से अवगत करवाया।
पैम्फलेट और पोस्टरों के माध्यम से विद्यार्थियों को कचरे को स्रोत पर अलग करने, जैविक एवं पुनर्चक्रण योग्य कचरे के उचित प्रबंधन तथा अवशिष्ट कचरे के वैज्ञानिक निस्तारण की व्यावहारिक जानकारी दी गई। विद्यार्थियों से अपने घरों और आसपास के क्षेत्रों में स्वच्छता, पुनः उपयोग, पुनर्चक्रण और जल संरक्षण के प्रति लोगों को जागरूक करने का आह्वान भी किया गया। इस दौरान विद्यार्थियों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया और विषय से संबंधित विभिन्न पहलुओं पर संवाद किया।
परियोजना प्रमुख ई. विकास मारवाह ने कहा कि एसडब्ल्यूएम नियम, 2026 का उद्देश्य कचरे को केवल समस्या के रूप में देखने के बजाय उसका संसाधन के रूप में प्रभावी प्रबंधन सुनिश्चित करना है। उन्होंने कहा कि स्रोत पर कचरे का सही पृथक्करण, जैविक कचरे का वैज्ञानिक उपचार, पुनर्चक्रण योग्य सामग्री की रिकवरी और अवशिष्ट कचरे का उचित निस्तारण प्रभावी अपशिष्ट प्रबंधन के महत्वपूर्ण अंग हैं। उन्होंने कहा कि स्वच्छता केवल सफाई तक सीमित नहीं है, बल्कि यह जिम्मेदार व्यवहार और संसाधनों के संरक्षण की संस्कृति है। कचरे का स्रोत पर सही पृथक्करण, जल का विवेकपूर्ण उपयोग तथा पुनः उपयोग और पुनर्चक्रण को दैनिक जीवन का हिस्सा बनाना ही ‘स्वच्छता ही सेवा’ अभियान की वास्तविक भावना है।
कार्यक्रम में नगर परिषद रामपुर बुशहर से मनीष ठाकुर एवं उनकी टीम, विद्यालय के प्रधानाचार्य दिनेश भलूनी, शिक्षकगण तथा रामपुर एचपीएस के सीएसआर प्रभाग के अधिकारी एवं कर्मचारी उपस्थित रहे।
